ध्यानु भक्त के उपवन की भूमि बेचने के प्रयास का आरोप, एसडीएम को सौंपा ज्ञापन
फर्जी दस्तावेजों से डेढ़ करोड़ रुपये में सौदा करने का दावा, राजस्व अभिलेखों की जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग
देवबंद। अखिल भारतीय जनजागृति सेना ने त्रिपुर बाला सुंदरी कुंड के पूर्व में स्थित प्राचीन धार्मिक स्थल ध्यानु भक्त के उपवन की भूमि को कथित रूप से फर्जी दस्तावेजों के आधार पर बेचने का प्रयास किए जाने का आरोप लगाया है। संगठन के पदाधिकारियों ने उप जिलाधिकारी (एसडीएम) को ज्ञापन सौंपकर मामले की निष्पक्ष जांच कराने और दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की।
ज्ञापन में संगठन ने बताया कि ध्यानु भक्त का उक्त उपवन प्राचीन धार्मिक एवं दैविक संपत्ति है। यहां आदिकाल से समाधि स्थल मौजूद होने का दावा किया गया है, जहां हिंदू समाज के लोग पूजा-अर्चना करते हैं। संगठन का आरोप है कि मंदिर के पुजारी देवीशरण शर्मा ने कथित रूप से कूटरचित दस्तावेज तैयार कर इस भूमि को नगली नूर निवासी अक्षय पुत्र प्रताप सिंह को डेढ़ करोड़ रुपये में बेचने का सौदा तय किया। आरोप के मुताबिक, सौदे के लिए एक लाख रुपये बयाने के रूप में दिए गए और 22 सितंबर 2026 को नोटरी दस्तावेज भी तैयार कराया गया।
संगठन के अनुसार, संबंधित भूमि खसरा संख्या 1531 और 2153/2, बरहूत हदूद देवबंद में स्थित है। पदाधिकारियों ने ज्ञापन में उच्चतम न्यायालय के आदेशों का हवाला देते हुए धार्मिक स्थलों और दैविक संपत्तियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की।
पुराने राजस्व अभिलेखों की जांच कराने की मांग
अखिल भारतीय जनजागृति सेना ने प्रशासन से संबंधित भूमि के राजस्व अभिलेखों की जांच कर यह पता लगाने की मांग की कि देवीशरण शर्मा सहित अन्य लोगों के नाम भूमि किन परिस्थितियों में और कब दर्ज किए गए। संगठन ने पुराने सरकारी अभिलेखों की भी गहनता से जांच कराने की मांग उठाई, ताकि भूमि के स्वामित्व और कथित खरीद-फरोख्त की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सके।
ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया कि वर्ष 2022 में कुछ लोगों द्वारा कथित रूप से उक्त उपवन को काटने का प्रयास किया गया था, जिसका हिंदू समाज के लोगों ने विरोध किया था। संगठन ने प्रशासन से मामले को गंभीरता से लेते हुए कथित अवैध खरीद-फरोख्त और धोखाधड़ी की जांच कराने तथा आरोप सही पाए जाने पर संबंधित लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई करने की मांग की।
इनकी रही मौजूदगी
संस्थापक अध्यक्ष योगी जयनाथ और राष्ट्रीय प्रमुख ठाकुर सुरेंद्रपाल सिंह एडवोकेट के नेतृत्व में ज्ञापन सौंपा गया। इस दौरान मोहित गौतम, अमित धीमान, दीपक कुमार, अतुल, दानिश, रोहित कौशिक, वासुदेवाचार्य, ऋतिक धीमान, अतुल चौधरी, लविश हिंदुस्तानी, संदीप सैनी, गौरव राणा सहित संगठन के अन्य पदाधिकारी और हिंदू समाज के लोग मौजूद रहे।
