जिला मुख्यालय पर गरजे ग्राम रोजगार सेवक

जिला मुख्यालय पर गरजे ग्राम रोजगार सेवक
सहारनपुर में मांगों के समर्थन में धरना देते उ0प्र0 ग्राम रोजगार सेवक संघ के पदाधिकारी।

सहारनपुर। उत्तर प्रदेश ग्राम रोजगार सेवक संघ ने प्रदेश के लगभग 36 हजार ग्राम रोजगार सेवकों को नियमित कर राज्य कर्मचारी का दर्जा देने सहित 10 सूत्रीय मांगों को लेकर जिला मुख्यालय पर प्रदर्शन कर धरना दिया मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन जिला प्रशासन को दिया।

जिला मुख्यालय पर आयोजित धरने को संबोधित करते हुए संघ के पदाधिकारियों ने कहा कि ग्राम रोजगार सेवक वर्ष 2006 से मनरेगा योजना के अंतर्गत ग्राम पंचायतों में कार्यरत हैं और पिछले 18 वर्षों से ग्रामीण विकास एवं सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।

संघ के जिलाध्यक्ष घनश्याम सिंह राणा ने बताया कि प्रदेश में ग्राम रोजगार सेवकों को मात्र 10 हजार रुपये प्रतिमाह मानदेय दिया जा रहा है, जबकि कई राज्यों में उन्हें समूह ग कर्मचारियों के समान वेतन एवं सुविधाएं प्राप्त हैं। उन्होंने मांग की कि रोजगार सेवकों के लिए न्यूनतम 24 हजार रुपये प्रतिमाह मानदेय निर्धारित किया जाए तथा उन्हें राज्य कर्मचारी का दर्जा दिया जाए। ज्ञापन में कहा गया है कि ग्राम रोजगार सेवकों का कई-कई महीनों का मानदेय बकाया है, जिससे उनके सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है।

संघ के पदाधिकारियों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों का शीघ्र समाधान नहीं किया गया तो 1 जुलाई 2026 से लखनऊ में विधानसभा घेराव सहित विभिन्न स्थानों पर प्रदर्शन और आंदोलन किया जाएगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी। धरना-प्रदर्शन में जिला संरक्षक रविन्द्र राणा, जिला संरक्षक जितेन्द्र चैधरी, जिला उपाध्यक्ष सतीश कुमार, जिला महामंत्री रईस आलम सहित भारी संख्या में ग्राम रोजगार सेवक मौजूद रहे।

Leave a Reply