‘BJP करेगी गुंडों की सफाई’, पीए की हत्या पर भड़के सुवेंदु अधिकारी; चश्मदीद ने बताई पूरी कहानी
नई दिल्ली। बंगाल के मध्यमग्राम में अपने पीए चंद्रनाथ रथ की हत्या को लेकर भाजपा नेता सुवेंदु अधिकारी ने कहा है कि यह एक सोची समझी साजिश के तहत की गई हत्या है। इसका पूरा प्लान तैयार किया गया और 2-3 दिन रेकी भी की गई।
अस्पताल के बाहर पत्रकारों से बात करते हुए सुवेंदु अधिकारी ने कहा, “यह एक पहले से सोची-समझी हत्या है और डीजीपी ने भी यही कहा है। 2-3 दिनों तक रेकी की गई थी और हत्या की पूरी योजना बनाई गई थी। पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। हम शोक में डूबे हैं और इस घटना की निंदा करने के लिए हमारे पास शब्द नहीं हैं।”
‘पुलिस को मिले सुराग’
दिल्ली से हमारे पूरे नेतृत्व ने इस बारे में जानकारी ली है। केंद्रीय मंत्री सुकांत मजूमदार ने (मृतक के) परिवार और पुलिस से बात की है। विभिन्न नेता और चुने हुए विधायक अपने-अपने क्षेत्रों से यहां आए हैं। पुलिस को कुछ सबूत मिले हैं और वे जांच करेंगे।” उन्होंने आगे कहा, “यह 15 साल के ‘महा-जंगल राज’ का नतीजा है। भाजपा यहां गुंडों की सफाई का काम शुरू करेगी।”
डीजीपी ने क्या कहा?
पश्चिम बंगाल के डीजीपी सिद्ध नाथ गुप्ता ने कहा, “हमने इस मामले की जांच शुरू कर दी है। हमने अपराध में इस्तेमाल हुई 4-पहिया गाड़ी को जब्त कर लिया है, लेकिन ऐसी खबरें आ रही हैं कि गाड़ी की नंबर प्लेट नकली है और उसके साथ छेड़छाड़ की गई है। हमें घटनास्थल से डदा कारतूस और इस्तेमाल किए हुए कारतूस मिले हैं। चश्मदीदों और सबूतों की जांच-पड़ताल की जा रही है और आगे की जांच जारी है।”
चश्मदीद ने क्या बताया?
एक चश्मदीद ने बताया, “जैसे ही चंद्रा की कार मेरी कार के पास से गुजरी वह अचानक बीच रास्ते में रुक गई और बाइक पर सवार एक व्यक्ति आया और कार के बाईं ओर गोलीबारी शुरू कर दी। वह देखने में काफी माहिर लग रहा था और तुरंत वहां से फरार हो गया। ऐसा लग रहा था कि यह सब पहले से ही तय था। गोलियां बहुत ही करीब से चलाई गई थीं।”
उसने आगे कहा, “मैंने दो राउंड गोलियां चलने की आवाज सुनी। यह घटना रात 10:30 बजे से 11:00 बजे के बीच हुई और अस्पताल से 200-300 मीटर की दूरी पर हुई। लोगों ने घायल को अस्पताल पहुंचाया और कार के ड्राइवर को भी गोली लगी थी।”
गाड़ी घेरकर चलाईं ताबड़तोड़ गोलियां
चंद्रनाथ रथ पर चलती कार में रहते हुए चार गोलियां चलाई गईं, जिनमें से तीन उन्हें लगीं। संदिग्धों ने उनकी कार का पीछा किया और जब कार धीमी हुई तो उन्होंने गोलीबारी शुरू कर दी। कार की बाईं ओर की सामने वाली खिड़की पर गोलियों के निशान और दरारें साफ दिखाई दे रही थीं।
चंद्रनाथ रथ कई सालों से सुवेंदु अधिकारी के लिए काम कर रहे थे और सुवेंदु के राजनीतिक तालमेल और अन्य कामों को संभालते थे। इस पीए को सुवेंदु अधिकारी के करीबी लोगों (इनर सर्कल) का हिस्सा माना जाता था।
