यूपी में चुनाव के बीच सपाइयों को अखिलेश यादव ने दी नसीहत, कहा- ‘निवेदन है कि…’
पश्चिम बंगाल सहित पांच राज्यों के विधानसभा चुनावों के नतीजों के उत्तर प्रदेश में प्रमुख विपक्ष दल समाजवादी पार्टी चुनावी तैयारियों में जुट चुकी है. समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव खुद उत्तर प्रदेश में चुनाव की तैयारियों का मौर्चा संभाल रहे हैं, यूपी के विधानसभा चुनावों में सपा को कोई कमी नहीं बाकी रखना चाहती है. चुनावी सरगर्मियों के सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने पार्टी पदाधिकारियों को बड़ी नसीहत दी है. अखिलेश यादव ने कहा है कि ‘पत्रकार आपके मित्र नहीं हैं.’
पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने अपने एक बयान में पार्टी पदाधिकारियों को नसीहत दी है. अखिलेश यादव ने अपने नेताओं से कहा है कि पत्रकार आपके मित्र नहीं हैं, सभी वरिष्ठ नेताओं और कार्यकर्ताओं से निवेदन है कि ऑफ रिकॉर्ड पत्रकारों से बात मत करिए. फिलहाल यूपी में चुनाव की तैयाारियों के बीच सपाईयों को अखिलेश यादव की नसीहत ने सियासी हलकों में हलचल पैदा कर दी है.
क्या हैं अखिलेश यादव के बयान के राजनीतिक मायने?
जब हाल ही में पांच राज्यों के विधानसभा चुनाव के नतीजे आए हों, तब अखिलेश यादव का पार्टी पदाधिकारियों का नसीहत देना सपा चीफ की बड़ी रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है. राजनी तिक जानकारों का मानना है कि उत्तर प्रदेश के विधानसभा चुनाव किसी प्रकार की कमी नहीं छोड़ना चाह रहे हैं.
5 में से 3 राज्यों में बीजेपी की सरकार
गौरतलब है कि, हाल ही में संपन्न हुए पांच राज्यों (पश्चिम बंगाल, असम, केरल, असम और पुडुचेरी) के चुनावों में तीन राज्य (पश्चिम बंगाल, असम और पुडुचेरी) में भारतीय जनता पार्टी ने सरकार बनाई है. माना जा रहा है कि अखिलेश यादव ने इन्हीं तमाम राजनीतिक घटनाक्रमों को ध्यान में रखते हुए पार्टी पदाधिकारियों को नसीहत दी है.
वर्ष 2027 में यूपी विधानसभा चुनाव लड़ेंगे अखिलेश यादव?
एक प्रेस वार्ता में अखिलेश यादव से पूछे जाने पर कि क्या वह विधानसभा चुनाव लड़ेंगे, इस पर अखिलेश यादव ने कहा- कई ऋषि मुनि, ज्योतिषियों से मिला. जो पंडित जी कहेंगे वह करेंगे. हम न्यू समाजवादी हैं. पंडित जी की मदद से 2012 में सरकार बनी थी. 2027 में भी बनेगी.
