राहुल गांधी पर रामभद्राचार्य का बयान, बोले- आगे और बढ़ेंगी राजनीतिक चुनौतियां
चित्रकूट। प्रसिद्ध संत एवं विद्वान Jagadguru Rambhadracharya ने उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 को लेकर कांग्रेस नेता Rahul Gandhi पर टिप्पणी करते हुए दावा किया कि आगामी चुनावों में उन्हें और अधिक राजनीतिक चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है।
मीडिया से बातचीत के दौरान रामभद्राचार्य ने राहुल गांधी के राजनीतिक भविष्य को लेकर पूछे गए सवाल के जवाब में कहा कि आने वाले समय में कांग्रेस को चुनावी मोर्चे पर और कठिन परिस्थितियों का सामना करना पड़ सकता है। उन्होंने दावा किया कि राहुल गांधी आगामी चुनावों में पहले की तुलना में अधिक नुकसान उठाएंगे।
विपक्ष पर साधा निशाना
एक अन्य सवाल के जवाब में रामभद्राचार्य ने विपक्षी नेताओं पर भी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि कुछ विपक्षी नेता देश की छवि को नुकसान पहुंचाने वाले बयान देते हैं। उनके अनुसार, राष्ट्रीय मुद्दों पर राजनीतिक मतभेद होना स्वाभाविक है, लेकिन देश की प्रतिष्ठा को सर्वोपरि रखा जाना चाहिए।
‘कॉकरोच जनता पार्टी’ टिप्पणी पर प्रतिक्रिया
हाल के दिनों में चर्चा में आए “कॉकरोच जनता पार्टी” संबंधी सवाल पर प्रतिक्रिया देते हुए रामभद्राचार्य ने इसे गंभीर राजनीतिक विषय मानने से इनकार किया। उन्होंने कहा कि ऐसी बातें राजनीतिक विमर्श का महत्वपूर्ण हिस्सा नहीं हैं और इन्हें अधिक महत्व देने की आवश्यकता नहीं है।
एनकाउंटर को लेकर दिया जवाब
उत्तर प्रदेश में कथित तौर पर धर्म के आधार पर एनकाउंटर किए जाने के आरोपों पर रामभद्राचार्य ने कहा कि कार्रवाई धर्म के आधार पर नहीं, बल्कि अपराध के आधार पर होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई आवश्यक है और इसे धार्मिक दृष्टिकोण से नहीं देखा जाना चाहिए।
गाजियाबाद हत्याकांड का जिक्र
बातचीत के दौरान उन्होंने हाल ही में गाजियाबाद में हुए छात्र सूर्या चौहान हत्याकांड का भी उल्लेख किया। गौरतलब है कि 17 वर्षीय छात्र सूर्या चौहान पर चाकू से हमला किया गया था, जिसके बाद उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई थी। इस मामले में मुख्य आरोपी असद पुलिस मुठभेड़ में घायल हुआ था और बाद में उपचार के दौरान उसकी मृत्यु हो गई। आरोपी पर 50 हजार रुपये का इनाम भी घोषित था।
रामभद्राचार्य ने कहा कि अपराध की घटनाओं पर कार्रवाई कानून के दायरे में होनी चाहिए और इसे किसी धर्म विशेष से जोड़कर नहीं देखा जाना चाहिए।
