पहले उड़ाया मजाक, उठे सवाल तो देने लगे सफाई! UP विधानसभा के स्पीकर बोले- ‘दान देने के बाद…’

पहले उड़ाया मजाक, उठे सवाल तो देने लगे सफाई! UP विधानसभा के स्पीकर बोले- ‘दान देने के बाद…’

यूपी विधानसभा स्पीकर और BJP नेता सतीश महाना के एक बयान से सियासी संग्राम सा मच गया है. उन्होंने राम मंदिर के चंदा चोरी के मामले पर कहा था कि जिनका पैसा चोरी हुआ है, मुझे लगता है कि उन्होंने शायद श्रद्धा भाव के साथ दान नहीं किया था. इस बयान पर विवाद बढ़ने के बाद उन्होंने सफाई दी है.

उन्होंने कहा कि करोड़ो लोगों ने भगवान श्री राम के मंदिर में योगदान किया है. मेरे पिता जी को जय श्री राम कहने पर जेल भेज दिया गया था. चोरी हुई है और जिसने किया है उसके खिलाफ एक्शन भी लिया जा रहा है. पूरी संस्था पर सवाल उठाना गलत है. दान देने के बाद कोई पैसा मांगता है क्या? कोई ऐसा करेगा तो उसपर क्या ही कहा जाए.

‘जिन्होंने राम मंदिर के लिए कुछ न किया वो आज चिंतित हैं’

सतीश महाना ने मीडिया के सवालों के जवाब में कहा, “मैं शुरू से ही राम जन्मभूमि आंदोलन से जुड़ा रहा. आज वहां जो भव्य मंदिर खड़ा है, वह चार सौ सालों से लोगों की आस्था, समर्पण, त्याग और बलिदान का प्रतीक है. अब, जो लोग कभी ‘जय श्री राम’ कहने से भी परहेज करते थे, जो कहते थे कि वहां मस्जिद बनी रहनी चाहिए. जो ये भी कहते थे कि वहां शौचालय बना दिया जाए. जिन्होंने राम मंदिर के लिए कोई कुछ नहीं दिया अब उन्हीं को चिंता हो रही है. जिन लोगों ने चोरी की उनकी कोई पैरवी नहीं कर रहा.”

सतीश महाना ने कहा कि क्या इस देश में किसी भी संस्थान या सेक्टर में कभी चोरी नहीं हुई? जिन्होंने चोरी की, वो पकड़े गए और हर कोई मानता है कि उनके खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। अब उस संस्थान से जुड़े सभी लोगों को कटघरे में खड़ा करना पूरी तरह से गलत है.

‘दान देने कोई पैसा मांगेगा तो क्या कहें?’

उनके श्रद्धा भाव वाले बयान पर जब सवाल किया गया तो उन्होंने उसपर सफाई देते हुे कहा कि जब कोई पैसा वापस मांग रहा है तो उसपर क्या कहूं, कोई भी चीज दान करने के बाद कोई मांगता है क्या? जिन्होंने मांगा है उनको पैसा वापस करने को तैयार हैं. इतना बड़ा मंदिर है उसमें मेरा थोड़ा ही सही पैसा लगा है. चोरी हुई है जिन्होंने भी किया उसके खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए और हो रही है, लेकिन आप पूरी संस्था पर सवाल कैसे खड़ा कर सकते हैं?

सपा ने उठाए सवाल

सतीश महाना के बयान पर समाजवादी पार्टी के नेता आशुतोष वर्मा की प्रतिक्रिया दी है और उनके बयान को हास्यास्पद बताया. उन्होंने कहा कि विधानसभा अध्यक्ष को इतनी संजीदा बात को इतनी मजाक में नहीं उड़ाना चाहिए. 140 करोड़ लोगों की आस्था के साथ मजाक हुआ है. चोरी हुई है राम मंदिर के अंदर और आप बोल रहे आस्था से नहीं दिया पैसा तो क्या आपने आस्था की कोई GPS ट्रैकिंग लगाई थी? विधानसभा अध्यक्ष से ऐसी उम्मीद नहीं थी.