NEET पेपर लीक पर राजस्थान में कांग्रेस का प्रदर्शन, धरने पर अशोक गहलोत, बोले- ‘सरकार की चुप्पी…’

NEET पेपर लीक पर राजस्थान में कांग्रेस का प्रदर्शन, धरने पर अशोक गहलोत, बोले- ‘सरकार की चुप्पी…’

NEET पेपर लीक मामले में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर कांग्रेस ने देशभर में विरोध प्रदर्शन तेज कर दिए हैं. लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी को हिरासत में लिए जाने के विरोध में राजस्थान की राजधानी जयपुर में भी कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया. इस दौरान पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा और कई वरिष्ठ नेता सड़क पर धरने पर बैठे.

करीब सवा घंटे तक चले प्रदर्शन के बाद पुलिस ने अशोक गहलोत समेत कांग्रेस के सौ से ज्यादा नेताओं और कार्यकर्ताओं को हिरासत में लेकर प्रदर्शन समाप्त कराया. सभी को पुलिस वैन में बैठाकर ले जाया गया. कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने इस मौके पर शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के पुतले को जलाया और उनके खिलाफ जमकर नारेबाजी भी की.

सरकार की चुप्पी के कारण छात्रों का बढ़ रहा आक्रोश- अशोक गहलोत

हिरासत में लिए जाने से पहले अशोक गहलोत ने मीडिया से बातचीत में केंद्र सरकार पर जमकर निशाना साधा. उन्होंने कहा कि NEET पेपर लीक लाखों छात्रों के भविष्य से जुड़ा गंभीर मामला है, लेकिन केंद्र सरकार ने शुरुआत से ही इसे जिस गंभीरता से लेना चाहिए था, वैसा नहीं किया. सरकार की चुप्पी के कारण छात्रों का आक्रोश लगातार बढ़ता गया.

केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग

गहलोत ने कहा कि कांग्रेस लगातार केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रही है, लेकिन सरकार कोई जवाब नहीं दे रही. उन्होंने आरोप लगाया कि छात्रों की भूख हड़ताल और आंदोलन के दौरान सरकार का कोई प्रतिनिधि उनसे मिलने तक नहीं गया. यही वजह है कि विपक्ष के नेताओं को प्रधानमंत्री आवास के सामने धरना देने की नौबत आ गई.

अशोक गहलोत ने दिल्ली में छात्रों पर लाठीचार्ज की आलोचना की

पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने दिल्ली में छात्रों पर हुए लाठीचार्ज की भी कड़ी आलोचना की. उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक तरीके से अपनी बात रखने पहुंचे छात्रों और युवाओं के साथ जिस तरह का व्यवहार किया गया, वह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है. उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार आंदोलन को दबाने की कोशिश कर रही है.

सरकार को छात्रों की भावनाओं को समझान चाहिए- गहलोत

गहलोत ने कहा कि देशभर के छात्रों और युवाओं में काफी नाराजगी है. सरकार को इसे हल्के में लेने के बजाय उनकी भावनाओं को समझना चाहिए. उन्होंने मांग दोहराई कि केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा देना चाहिए और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए.