30 हजार रुपये मानदेय की मांग को लेकर आशाओं का धरना जारी, आंदोलन तेज करने की चेतावनी
राज्य कर्मचारी का दर्जा देने और शोषण पर रोक लगाने की मांग, सोमवार से अनिश्चितकालीन धरने का ऐलान
सहारनपुर। निर्धारित मानदेय समेत विभिन्न मांगों को लेकर आशा कार्यकत्रियों का मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) कार्यालय के बाहर धरना जारी है। आशा कार्यकत्रियों ने सरकार से 30 हजार रुपये प्रतिमाह मानदेय निर्धारित करने, राज्य कर्मचारी का दर्जा देने और कथित शोषण पर रोक लगाने की मांग की है। मांगों पर कार्रवाई नहीं होने से नाराज कार्यकत्रियों ने सोमवार से आंदोलन तेज करने और अनिश्चितकालीन धरना शुरू करने की चेतावनी दी है।
आशा कार्यकत्री संगठन के संयोजक संजय वालिया के नेतृत्व में आयोजित धरने में बड़ी संख्या में आशा कार्यकत्रियां शामिल हुईं। इस दौरान संजय वालिया ने कहा कि आशा कार्यकत्रियां गांव-गांव तक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। गर्भवती महिलाओं की देखभाल से लेकर अन्य स्वास्थ्य संबंधी योजनाओं को लोगों तक पहुंचाने की जिम्मेदारी भी वे निभाती हैं। इसके बावजूद उन्हें काम के अनुपात में उचित मानदेय नहीं मिल रहा है।
उन्होंने सरकार से आशा कार्यकत्रियों को 30 हजार रुपये प्रतिमाह निर्धारित मानदेय देने, राज्य कर्मचारी का दर्जा प्रदान करने, प्रत्येक सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) पर तैनात चिकित्सा अधिकारियों के स्थानांतरण तथा जिला स्तर पर आशा कार्यकत्रियों के कथित शोषण पर रोक लगाने की मांग की।
मांगें पूरी नहीं होने पर आंदोलन तेज करने की चेतावनी
जिलाध्यक्ष कमलेश सैनी ने कहा कि आशा कार्यकत्रियों के हितों की रक्षा के लिए संगठन हर स्तर पर संघर्ष करने को तैयार है। उन्होंने कहा कि कार्यकत्रियों का शोषण किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो सोमवार से आंदोलन को और तेज किया जाएगा तथा अनिश्चितकालीन धरना शुरू किया जाएगा।
धरने में लता, लालतेश, मिथिलेश, नेहा, भावना, पूनम देवपुरा, सुदेश संगाथेड़ा, ममता भनैड़ा, पिंकी मोहरा, सुनीता, बोबी, प्रवीन, रविता, कविता, सीमा, ओमलता, मोनिका, राजकी देवी, प्रीति शर्मा, रीना, काजल, मौसम देवी, उर्मिला, गीता, मीनाक्षी महेश्वरी, दीपमाला, सुषमा, सोनिया, बबीता, पुनीता, शारदा, सरिता, रेखा, उषा, सविता, सुलेखा, संगीता, प्रेमा, राधा, विमला, नीलम, अर्चना, निशा, नीलू, ललिता, आलिया, रुकसाना, राजवती, मीरा, माया, राखी, पूजा, प्रवेश, शीतल, दीपा और सुरजला समेत बड़ी संख्या में आशा कार्यकत्रियां मौजूद रहीं।
