एमएलसी चुनाव के प्रशिक्षण से 17 मतदानकर्मी रहे नदारद, कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश
सहारनपुर में मेरठ खंड स्नातक एवं शिक्षक निर्वाचन की तैयारियां तेज, 10 पीठासीन और 7 प्रथम मतदान अधिकारी प्रशिक्षण में नहीं पहुंचे
सहारनपुर। मेरठ खंड स्नातक एवं शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के विधान परिषद चुनाव-2026 की तैयारियों के बीच मतदान कार्मिकों की लापरवाही सामने आई है। सोमवार को आयोजित प्रशिक्षण कार्यक्रम से 17 मतदानकर्मी अनुपस्थित रहे। इनमें 10 पीठासीन अधिकारी और सात प्रथम मतदान अधिकारी शामिल हैं। मामले को गंभीरता से लेते हुए जिला निर्वाचन अधिकारी ने संबंधित विभागाध्यक्षों को अनुपस्थित कार्मिकों से स्पष्टीकरण प्राप्त करने के लिए कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए हैं।
राजकीय इंटर कॉलेज, नेहरू मार्केट स्थित सभागार में जिला निर्वाचन अधिकारी एवं मेरठ खंड स्नातक एवं शिक्षक निर्वाचन के सहायक रिटर्निंग ऑफिसर अरविंद कुमार चौहान की अध्यक्षता में प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें विभिन्न विभागों से निर्वाचन ड्यूटी के लिए नामित पीठासीन अधिकारियों और प्रथम मतदान अधिकारियों को चुनाव प्रक्रिया से संबंधित आवश्यक जानकारी दी गई।
निष्पक्ष और पारदर्शी चुनाव कराने के निर्देश
प्रशिक्षण सत्र के दौरान जिला निर्वाचन अधिकारी अरविंद कुमार चौहान ने उपस्थित मतदान कार्मिकों को निर्देश दिए कि वे प्रशिक्षण को गंभीरता से लें और निर्वाचन प्रक्रिया की सभी बारीकियों को अच्छी तरह समझें। उन्होंने कहा कि चुनाव को निष्पक्ष, पारदर्शी और शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराने में प्रत्येक मतदानकर्मी की महत्वपूर्ण भूमिका होती है।
उन्होंने कार्मिकों से अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन पूरी सतर्कता, गंभीरता और कुशलता के साथ करने को कहा, ताकि मतदान के दौरान किसी प्रकार की समस्या उत्पन्न न हो।
अनुपस्थित कार्मिकों से मांगा जाएगा स्पष्टीकरण
प्रशिक्षण में 17 मतदानकर्मियों के अनुपस्थित रहने पर जिला निर्वाचन अधिकारी ने नाराजगी जताते हुए संबंधित विभागाध्यक्षों को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। अधिकारियों को अनुपस्थित कार्मिकों से स्पष्टीकरण प्राप्त कर आवश्यक कार्रवाई की प्रक्रिया आगे बढ़ाने को कहा गया।
प्रशासन का उद्देश्य निर्वाचन से जुड़े सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को समय रहते प्रशिक्षित करना है, जिससे चुनाव संबंधी दायित्वों का निर्वहन निर्धारित नियमों के अनुसार सुनिश्चित किया जा सके।
प्रशिक्षण कार्यक्रम में मुख्य विकास अधिकारी डॉ. सुनील कुमार वर्मा, अपर जिलाधिकारी प्रशासन लवी त्रिपाठी, जिला विकास अधिकारी, जिला पंचायत राज अधिकारी सहित अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।
