किसान महापंचायत की रणनीति बदली, राकेश टिकैत का ऐलान
पश्चिमी उतर प्रदेश के मुजफ्फरनगर में 17 सितंबर को प्रस्तावित किसान महापंचायत को लेकर भारतीय किसान यूनियन ने तैयारियां तेज कर दी हैं. भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ने ऐलान किया है कि इस बार होने वाली महापंचायत दिन की बजाय रात में शुरू होगी, जिसमें आगे की रणनीति तय की जाएगी. इसके बाद रातभर सांस्कृतिक कार्यक्रम होंगे.
इस महापंचायत की तैयारियों को लेकर रविवार को महावीर चौक स्थित भाकियू कार्यालय पर मंथन किया गया, जिसमें राष्ट्रीय प्रवक्ता चौधरी राकेश टिकैत समेत सैकड़ों कार्यकर्ता शामिल हुए.
किसान महापंचायत पर बदली रणनीति
राकेश टिकैत ने कहा कि इस बार किसान महापंचायत का आयोजन 17 सितंबर को रात 8 बजे से 12 बजे तक होगा. जिसमें सभी किसान संगठनों की बैठक होगी. इस दौरान अलग-अलग संगठन अपनी समस्याएं और मांगें रखेंगे. इसके बाद रात 12 बजे से सुबह 4 बजे तक सांस्कृतिक और रंगारंग कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे.
राकेश टिकैत ने कहा कि गर्मी के मौसम को देखते हुए दिन में आंदोलन और रात में पंचायत करना बेहतर रहेगा. उन्होंने दक्षिण भारत के कई राज्यों में रात में होने वाले कार्यक्रमों का भी उदाहरण दिया. टिकैत ने इस दौरान चीनी के बढ़ते दामों को लेकर भी सरकार पर निशाना साधा और कहा कि अगर चीनी के दाम बढ़ रहे हैं तो इसका फायदा किसानों को भी मिलना चाहिए.
मुजफ्फरनगर के फूलत गांव स्थित विवादित मदरसे पर हुई बुलडोजर कार्रवाई को लेकर टिकैत ने कहा कि गलत चीजों पर कार्रवाई होनी चाहिए. उन्होंने सरकार से सरकारी स्कूलों और मदरसों की शिक्षा व्यवस्था को एक समान करने की बात कही.
नेपाल त्रासदी पर जताया दुख
नेपाल में हुई त्रासदी को लेकर राकेश टिकैत ने दुख जताया. उन्होंने दावा किया कि इस हादसे में 10 हजार से ज्यादा लोगों के मारे जाने की आशंका है. टिकैत ने बताया कि नेपाल में भाकियू से जुड़ा किसान संगठन भी है और वहां उनकी टीम राहत एवं स्थिति का जायजा लेने पहुंची है. उन्होंने नेपाल त्रासदी को ग्लोबल वार्मिंग से जोड़ते हुए कहा कि पृथ्वी का तापमान बढ़ने से ग्लेशियर तेजी से पिघल रहे हैं. इसके लिए हम सभी ज़िम्मेदार हैं.
