मेरठ अपडेट: Meerut: 9 बीघा जमीन के लिए भाई बना जल्लाद, 23 दिन जंगल में दबी रही लाश, मौसी की जिद ने खोला कत्ल का राज
मेरठ के बहसूमा क्षेत्र में 9 बीघा जमीन के लालच में बड़े भाई ने छोटे भाई की हत्या कर शव जंगल में दबा दिया। 23 दिन तक नशा मुक्ति केंद्र भेजने का झूठ बोलता रहा।
रिश्तों का दोहरा कत्ल इस घटना का सबसे दर्दनाक पहलू यह है कि आरोपी कपिल और मृतक अंकुर की पत्नियां सगी बहनें थीं। अंकुर की पत्नी की चार वर्ष पहले मौत हो चुकी थी। उसके बाद वह अपनी दो बेटियों के साथ अकेला रह रहा था। पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी को लगता था कि अंकुर का कोई बेटा नहीं है और उसकी जमीन आगे चलकर उसके बेटों के हिस्से में आ जाएगी। इसी लालच ने उसे अपने ही भाई का कातिल बना दिया। 60 बीघा जमीन बना खूनी विवाद की वजह जानकारी के अनुसार तीनों भाइयों के हिस्से में करीब 20-20 बीघा जमीन आई थी, लेकिन आरोप है कि बड़ा भाई कपिल छोटे भाई अंकुर की जमीन पर भी कब्जा किए हुए था। इसी विवाद ने आखिरकार खूनी रूप ले लिया। पुलिस के अनुसार आरोपी के खिलाफ हत्या, अवैध हथियार और साक्ष्य मिटाने की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। दो मासूम बेटियां हुईं अनाथ इस हत्याकांड ने दो मासूम बच्चियों से मां और पिता दोनों का साया छीन लिया। चार वर्ष पहले मां की मौत हो चुकी थी और अब पिता की हत्या ने दोनों बेटियों को पूरी तरह अनाथ कर दिया। पिता का शव देखकर बच्चियां बिलखती रहीं। मौसी जगबीरी ने कहा कि वह दोनों बच्चियों की मां बनकर उनका पालन-पोषण करेंगी। वहीं प्रशासन ने नियमानुसार सहायता दिलाने का आश्वासन दिया है।
