‘आंखों में बसा अहंकार…’, अखिलेश यादव के बुद्धिजीवी वाले बयान पर भड़की RLD

‘आंखों में बसा अहंकार…’, अखिलेश यादव के बुद्धिजीवी वाले बयान पर भड़की RLD

उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव 2027 का समय-समय जैसे-जैसे करीब आ रहा है, सूबे की सियासत में वार-पलटवार का दौर भी तेज हो गया है. राष्ट्रीय लोक दल (आरएलडी) ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर कर समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव पर बड़ा जुबानी हमला बोला है.

रालोद ने एक्स पर अखिलेश यादव की प्रेस कॉन्फ्रेंस की एक वीडियो शेयर कर बड़ा हमला बोला है. रालोद ने लिखा, “आंखों में बसा अहंकार, अंगुली का इशारा, चुप रहने की हिदायत और निशाने पर- कुशवाहा, सैनी, पाल, मौर्य, शाक्य जैसे किसान समाज. वीडियो देखिए और समझिए कि सपा सुप्रीमो की नजर में ये समाज पढ़े-लिखे नहीं हैं, बुद्धिजीवी नहीं हैं…! आख़िर सपा सुप्रीमो इन समाजों को सवाल-जवाब करने लायक़ क्यों नहीं समझते?”

इनकी मानसिकता में है खोट- रालोद

रालोद ने आरोप लगाया कि, “दरअसल ये इनकी मानसिकता का खोट है- किसान समाजों को अपमानित करना, उन्हें सिर्फ वोट बैंक समझना, ABCD सिखाने का अहंकार पालना और जब वो सवाल करें, तो उन्हें कम पढ़े-लिखे, कमतर बुद्धि वाले  जैसे टैग देना. ये सोच केवल निंदनीय नहीं है, बल्कि शर्मनाक है. आज़ादी के 75 साल बाद भी ऐसी मानसिकताएँ मौजूद हैं, जो आज भी किसानों को, किसान जातियों को हीन दृष्टि से देखती हैं…अपने से कमतर समझती हैं.”

‘अपमान का जवाब लोकतांत्रिक तरीके से देना जानते हैं’

रालोद ने आगे  लिखा, “मगर ऐसी मानसिकता का इलाज करने का प्रावधान बाबा साहेब संविधान में करके गए हैं- वोट के रूप में. अब ये तो 2027 में ही फैसला होगा कि कुशवाहा, सैनी, पाल, मौर्य, शाक्य जैसे समाज न केवल पढ़े-लिखे हैं, बल्कि समझदार हैं…बुद्धिजीवी हैं और अपने अपमान का जवाब लोकतांत्रिक तरीके से देना जानते हैं.”

फिलहाल उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 से पहले राष्ट्रीय लोक दल और समाजवादी पार्टी के बीच तल्खी बढ़ती जा रही है, रालोद के बयान पर सपा का रिएक्शन आना अभी बाकी है.

Leave a Reply