शोभित विश्वविद्यालय, गंगोह के स्कूल ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी विभाग के 25 वर्ष पूर्ण होने पर पुरातन छात्रों के लिए “सिल्वर जुबली” कार्यक्रम का भव्य आयोजन

शोभित विश्वविद्यालय, गंगोह के स्कूल ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी विभाग के 25 वर्ष पूर्ण होने पर पुरातन छात्रों के लिए “सिल्वर जुबली” कार्यक्रम का भव्य आयोजन

शोभित विश्वविद्यालय, गंगोह के परिसर में आज दिनाँक 01 अगस्त 2026 दिन शनिवार को विश्वविद्यालय के स्कूल ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी विभाग की स्थापना के 25 गौरवपूर्ण वर्षों के उपलक्ष्य में “सिल्वर जुबली” कार्यक्रम के अंतर्गत पुरातन छात्रों के लिए “पुरातन छात्र समागम” समारोह एवं “म्यूजिकल फिएस्टा” का भव्य आयोजन किया गया। इस विशेष अवसर पर देश-विदेश के विभिन्न क्षेत्रों में कार्यरत स्कूल ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी विभाग के पूर्व छात्र एवं छात्राओं ने एक मंच पर एकत्र होकर अपने छात्र जीवन की यादों को साझा किया तथा संस्थान के विकास, नवाचार और भावी योजनाओं पर विचार-विमर्श किया। कार्यक्रम का उद्देश्य पूर्व छात्रों और विश्वविद्यालय के मध्य संबंधों को और अधिक सुदृढ़ करना तथा वर्तमान विद्यार्थियों के लिए मार्गदर्शन और उद्योग-जगत से जुड़ाव के नए अवसर उपलब्ध कराना रहा।

कार्यक्रम में आमंत्रित विशिष्ट अतिथि के रूप में पूर्व-डायरेक्टर स्कूल ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी, गंगोह प्रो.(डॉ.) रघुवीर सिंह, शोभित विश्वविद्यालय के कुलाधिपति श्री कुँवर शेखर विजेंद्र जी, श्रीमती निधि शेखर जी, मिस वंशिका शेखर, शोभित विश्वविद्यालय, गंगोह के कुलपति प्रो.(डॉ.) बी.एस. सिद्धू, शोभित विश्वविद्यालय, मेरठ के कुलसचिव प्रो.(डॉ.) पंकज राणा, शोभित विश्वविद्यालय, गंगोह के कुलसचिव प्रो.(डॉ.) महिपाल सिंह व संस्था के केयर टेकर सूफ़ी ज़हीर अख़्तर उपस्थित रहे।

कार्यक्रम का शुभारंभ पूरे विधि-विधान से उपस्थित विशिष्ट अतिथि एवं शिक्षकगण व पुरातन छात्र-छात्राओं ने माँ सरस्वती व बाबू विजेंद्र कुमार जी की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्वलित कर किया। तत्पश्चात सरस्वती वंदना एवं विश्वविद्यालय कुलगीत का सामूहिक गायन किया गया। तत्पश्चात कार्यक्रम में उपस्थित विशिष्ट अतिथियों का स्वागत व अभिनंदन पुष्पगुच्छ व पटका पहनाकर किया गया।

कार्यक्रम की शुरुआत कुलसचिव प्रो.(डॉ.) महिपाल सिंह के स्वागत उद्बोधन के साथ हुई, तत्पश्चात संस्था के केयर टेकर सूफ़ी ज़हीर अख़्तर ने उपस्थित पुरातन छात्रों को प्रेरणादायी विचारों से प्रेरित किया। कार्यक्रम में शोभित विश्वविद्यालय, मेरठ से उपस्थित प्रो.(डॉ.) दिव्या प्रकाश ने सभी के साथ स्कूल ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी विभाग के 25 गौरवपूर्ण वर्षों की यादों को साझा किया।

कार्यक्रम के अंतर्गत विद्यार्थियों एवं पुरातन छात्रों की सहभागिता से विभिन्न सांस्कृतिक, मनोरंजक एवं सहभागितापूर्ण गतिविधियों का आयोजन किया गया। इस अवसर पर आयोजित “पूर्व छात्रों की सफलता गाथा” सत्र में पुरातन छात्रों ने अपने छात्र जीवन की स्मृतियों को साझा करते हुए अपने व्यावसायिक अनुभव, उपलब्धियों तथा सफलता की प्रेरणादायी यात्रा से सभी को प्रेरित किया, जिनमे अदिति अग्रवाल, मैनेजिंग डायरेक्टर अडिसप सिस्टम प्राइवेट लिमिटेड, वैशाली जैन, मैनेजर ई-वाई कंपनी, हेमंत, डेवलपर लीडिंग एरिक्सन, गगन अग्रवाल जीएम, टेलीकॉम एंड सोलुशन, ट्रान्सलिने टेक्नोलॉजी लिमिटेड व नितिन रोहिला, नेटवर्क लीडिंग, रिलाइंस जिओ शामिल रहे। कार्यक्रम में समूह नृत्य, एकल नृत्य, अनेक संगीतमय प्रतियोगिता तथा अनेक आकर्षक गतिविधियों का भी आयोजन किया गया।

इस अवसर पर कुलपति प्रो.(डॉ.) बी.एस. सिद्धू ने पुरातन छात्रों से संवाद स्थापित करते हुए उनके छात्र जीवन की स्मृतियों, वर्तमान कार्यक्षेत्र तथा व्यावसायिक अनुभवों के बारे में जानकारी प्राप्त की। कुलपति ने उनसे विश्वविद्यालय के साथ निरंतर जुड़े रहने, समय-समय पर अपने अनुभव एवं विशेषज्ञता से वर्तमान विद्यार्थियों का मार्गदर्शन करने तथा संस्थान की शैक्षणिक एवं नवाचार गतिविधियों में सक्रिय सहयोग देने का आह्वान किया।

इस अवसर पर शोभित विश्वविद्यालय के स्कूल ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी विभाग के पूर्व-डायरेक्टर, प्रो.(डॉ.) रघुवीर सिंह ने पूर्व छात्र सम्मेलन को संबोधित करते हुए अपने प्रेरणादायी व्याख्यान में संस्थान की स्थापना से लेकर वर्तमान तक की विकास यात्रा का उल्लेख करते हुए कहा कि किसी भी संस्थान की वास्तविक पहचान उसके पूर्व छात्र होते हैं। उन्होंने पूर्व छात्रों से आग्रह किया कि वे अपने अनुभव, विशेषज्ञता एवं जीवन मूल्यों को विद्यार्थियों तक पहुँचाकर उन्हें गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, अनुसंधान, नवाचार तथा नेतृत्व क्षमता के लिए प्रेरित करें, ताकि आने वाली पीढ़ी भी समाज और राष्ट्र के विकास में सार्थक योगदान दे सके।

इस अवसर पर कुलाधिपति श्री कुँवर शेखर विजेंद्र जी ने पूर्व छात्र सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा अपने उद्बोधन में कहा कि आप सभी आज यहाँ केवल एक कार्यक्रम में सहभागी बनने नहीं आए हैं, बल्कि इसलिए आए हैं क्योंकि आपकी अनगिनत स्मृतियाँ इस संस्थान से जुड़ी हैं। यही वह स्थान है जहाँ आपके सपनों ने आकार लिया और आपके जीवन की यात्रा का शुभारंभ हुआ। उन्होंने पूर्व छात्रों से आग्रह किया कि वे वर्तमान विद्यार्थियों के साथ अपनी सफलता की यात्रा साझा करें, ताकि उन्हें यह समझने का अवसर मिले कि एक सफल करियर की शुरुआत कैसे होती है और किन मूल्यों एवं आदतों के बल पर निरंतर सफलता प्राप्त की जा सकती है। आगे कुलाधिपति ने कहा कि उन्हें देश-विदेश की यात्राओं के दौरान अनेक स्थानों पर इसी संस्थान के पूर्व छात्र मिले, जो विभिन्न प्रतिष्ठित संस्थानों और उद्योगों में अपनी प्रतिभा का उत्कृष्ट प्रदर्शन कर रहे हैं। कुलाधिपति ने पूर्व छात्रों से अपने संस्कार, अनुशासन और सकारात्मक आदतों को जीवनभर बनाए रखने तथा विश्वविद्यालय से निरंतर जुड़े रहने का आह्वान किया।

कार्यक्रम के अंतिम सत्र में विश्वविद्यालय प्रशासन की ओर से सभी सम्मानित पुरातन छात्रों को विश्वविद्यालय स्मृति चिंह एवं प्रमाण-पत्र देकर उनको सम्मानित किया। तत्पश्चात प्रो.(डॉ.) वरुण बंसल ने पूर्व-डायरेक्टर प्रो.(डॉ.) रघुवीर सिंह, कुलाधिपति श्री कुँवर शेखर विजेंद्र जी एवं उपस्थित सभी गणमान्यों व पुरातन छात्रों का आभार प्रकट किया।

कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान एवं सभी प्रतिभागियों के सामूहिक छायाचित्र के साथ सौहार्दपूर्ण वातावरण में सम्पन्न हुआ। इसी क्रम में देर शाम आयोजित ‘म्यूजिकल फिएस्टा’ समारोह का प्रमुख आकर्षण रहा, जिसमे पूर्व छात्रों ने अपने छात्र जीवन की मधुर स्मृतियों को साझा किया। इस अवसर पर स्कूल ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी विभाग के सभी शिक्षकगण एवं शिक्षणेत्तर कर्मचारी उपस्थित रहे।