तिरंगा हमारी पहचान, स्वाभिमान व राष्ट्रीय एकता का प्रतीक: शीतल टण्डन
सहारनपुर। उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मण्डल के जिलाध्यक्ष शीतल टंडन ने कहा कि तिरंगा केवल एक ध्वज नहीं, यह हमारी पहचान, स्वाभिमान व राष्ट्रीय एकता का प्रतीक, अस्मिता का प्रतीक है। हमारे राष्ट्रीय ध्वज में सबसे ऊपर केसरिया रंग साहस, त्याग और निस्वार्थ सेवा का संदेश देता है। बीच का सफेद रंग सत्य, शांति और पारदर्शिता को दर्शाता है और नीचे का हरा रंग समृद्धि, विकास और प्रकृति के प्रति सम्मान को दर्शाता है।
जिलाध्यक्ष शीतल टंडन जिला इकाई की रेलवे रोड स्थित जिला मुख्यालय कार्यालय पर आयोजित बैठक को सम्बोधित कर रहे थे। बैठक में सभी व्यापारियों ने सभी को राष्ट्रीय ध्वज अंगीकरण दिवस की एक दूसरे को बधाई दी। बैठक को सम्बोधित करतेे हुए जिलाध्यक्ष शीतल टण्डन ने कहा कि आज देशभर में राष्ट्रीय ध्वज अंगीकरण दिवस मनाया जा रहा है। इसी दिन वर्ष 1947 में संविधान सभा द्वारा तिरंगे को आधिकारिक रूप से अपनाया गया था, जो स्वतंत्रता प्राप्ति से कुछ ही सप्ताह पहले का ऐतिहासिक निर्णय था। उन्होंने कहा कि मध्य में स्थित गहरे नीले रंग का अशोक चक्र, जिसमें 24 तीलियाँ हैं, निरंतर प्रगति, न्याय, धर्म और गतिशील जीवन का प्रतीक है। ध्वज का अनुपात 2ः3 निर्धारित है, और प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है कि वह इस सम्मान और गौरव को हमेशा बनाए रखे।
श्री टण्डन ने व्यापारियों, शिक्षण संस्थानों, सामाजिक संगठनों और युवाओं से आह्वान किया कि वे तिरंगे के इतिहास और आदर्शों के प्रति समाज में जागरूकता फैलाएँ और राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भागीदारी निभाने का संकल्प लें। उन्होंने युवाओं से विशेष आह्वान किया कि वे राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखें, एकता, अखंडता और सामाजिक सद्भाव को सुदृढ़ करें। बैठक में प्रमुख रूप से जिला महामंत्री रमेश अरोडा, जिला कोषाध्यक्ष कर्नल संजय मिडढा, पवन गोयल, मेजर एस.के.सूरी, अनिल गर्ग, अशोक मलिक, रमेश डावर, राजीव अग्रवाल संजय महेश्वरी, अभिषेक भाटिया, संजीव सचदेवा, बलदेव राज खुंगर आदि व्यापारी प्रतिनिधि शामिल रहे।
