‘हम मगरमच्छ के आंसू बहाते हैं तो आप भी आ जाइए’, बसपा चीफ मायावती पर चंद्रशेखर आजाद का पलटवार

‘हम मगरमच्छ के आंसू बहाते हैं तो आप भी आ जाइए’, बसपा चीफ मायावती पर चंद्रशेखर आजाद का पलटवार

उत्तर प्रदेश के मेरठ में दलित छात्रा ललिता गौतम हत्याकांड मामले में बहुजन समाज पार्टी की अध्यक्ष मायावती ने बिना नाम लिए कुछ दलों पर अपनी राजनीति चमकाने और ‘मगरमच्छ’ के आंसू बहाने वाला बयान दिया था. जिस पर नगीना सांसद और आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) के अध्यक्ष चंद्रशेखर आजाद ने जवाब दिया है.

मेरठ टोल प्लाजा पर नगीना सांसद चंद्रशेखर आजाद ने कहा हम मगरमच्छ के आंसू बहाने आते हैं, आप भी आओ न मगरमच्छ के आंसू बहाने आपको किसने रोका है. वो कह रही हैं कि इंसाफ के लिए कोर्ट जाओ, सुप्रीम कोर्ट जाओ. 10 साल लगेंगे इंसाफ मिलने में, तब तक हमारी बहन-बेटियों की इज्जत लुटती रहे और हम चुप बैठे रहें, आज उन्होंने दिल दुखाया है.”

चंद्रशेखर आजाद ने आगे कहा कि ये समाज फैसला करेगा कि कौन समाज के लिए लड़ रहा है और कौन समाज से सिर्फ वोट का रिश्ता रखता है. नगीना सांसद बुधवार को हुए लाठीचार्ज के बाद पीड़ित परिवार से मिलने पहुंचे थे. जहां उन्होंने यह बयान दिया है. इसके अलावा उनकी रोहाना टोल प्लाजा पर पुलिस द्वारा रोके जाने पर नोकझोंक भी हो गयी थी.

पुलिस ने किया था लाठीचार्ज 

बता दें कि ललिता गौतम हत्याकांड को लेकर दलित नेता रवि गौतम के नेतृत्व में दलित समाज के लोगों ने मेरठ कमिश्नरी पर धरना-प्रदर्शन किया था, जिसमें बाकी आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की जा रही थी. इस बीच एसएसपी अविनाश पांडेय द्वारा लाठीचार्ज और पुलिस वैन में घुसकर दलित नेताओं के साथ मारपीट कर दी गई, जिसका वीडियो वायरल होने के बाद मामला गर्मा गया.

विपक्ष ने एसएसपी पर कार्रवाई की मांग उठाई

इस मामले में विपक्षी पार्टियों में सपा, कांग्रेस और चंद्रशेखर आजाद की पार्टी ने पुलिस कार्रवाई पर ऐतराज जताया और एसएसपी की मंशा पर सवाल खड़े कर दिए हैं. यही नहीं एसएसपी पर कार्रवाई की मांग की जा रही है. जिसके लेकर शुक्रवार को चंद्रशेखर आजाद मेरठ पहुंचे थे. यहां उन्होंने पुलिस की कार्रवाई पर नाराजगी जाहिर की और एसएसपी और डीएम से मिलने की बात कही.