गांधी पार्क और गोविंद नगर में रामलीला महोत्सव का भव्य शुभारंभ
सुंदरकांड, हवन-यज्ञ और श्रवण कुमार-नारद मोह की लीला ने मोहा दर्शकों का मन
सहारनपुर। शहर में रामलीला महोत्सवों का शुभारंभ धार्मिक उत्साह और श्रद्धा के साथ हुआ। गांधी पार्क स्थित श्री राधा कृष्ण मंदिर क्लब की ओर से आयोजित 40वें श्री रामलीला एवं दशहरा महोत्सव का शुभारंभ भजन गायक संदीप शर्मा की सुंदरकांड प्रस्तुति से हुआ। नगर महापौर डॉ. अजय कुमार सिंह और नगर आयुक्त शिपू गिरी ने फीता काटकर महोत्सव का विधिवत उद्घाटन किया।
इस अवसर पर महापौर डॉ. अजय कुमार सिंह ने कहा कि भगवान श्रीराम का जीवन त्याग, सत्य, कर्तव्य और मर्यादा का संदेश देता है। उन्होंने कहा कि रामलीला केवल धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि जीवन में अच्छे संस्कार अपनाने की प्रेरणा भी देती है। उन्होंने लोगों से अपने भीतर के अहंकार, क्रोध और लोभ रूपी रावण का अंत कर भगवान श्रीराम के आदर्शों को अपनाने का आह्वान किया।
नगर आयुक्त शिपू गिरी, पूर्व विधायक सुरेंद्र कपिल और रामलीला प्रधान चौधरी जोगिंदर कुमार ने भी आयोजन की शुभकामनाएं दीं। कार्यक्रम का संचालन राकेश वत्स ने किया। इस दौरान दशहरा प्रधान संजय कपिल, अक्षत त्यागी, शीतल टंडन, अमित गगनेजा, रमेश चंद्र छबीला, विपिन सलूजा, विक्रांत सैनी, एडवोकेट गौरव चौधरी, नवदीप आनंद, सचिन घई, सन्नी नागपाल, चंडी प्रसाद, विनय वत्स, गुरमीत सिंह शंटी, राकेश कुमार शर्मा, अनुज वत्स, हरविंदर कुमार गोसाई, राजीव ठाकुर, गगन भंडारी, भारत खन्ना, पीयूष सिंधू, आनंद कुमार, प्रथम वत्स, संकल्प नैब, विकास शर्मा, रंजन करल, इतन खुराना और जगनमोहन सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे।
वहीं, गोविंद नगर-रामनगर स्थित रामलीला मैदान में भारतीय कला मंच रामलीला सभा के 56वें श्री रामलीला महोत्सव का शुभारंभ वैदिक मंत्रोच्चार और हवन-यज्ञ के साथ हुआ। मुख्य अतिथि पूर्व विधायक सुरेंद्र कपिल, डॉ. राजीव तिवारी और डॉ. श्रीमती शिप्रा तिवारी ने कहा कि भगवान श्रीराम के आदर्शों को जीवन में उतारने से समाज में सकारात्मक बदलाव और उन्नति संभव है।
कार्यक्रम में अध्यक्ष नरेंद्र शर्मा, कार्यवाहक अध्यक्ष एवं प्रबंधक वरुण शर्मा, विनय लाल सवाई और निर्देशक पंडित मोहित वशिष्ठ ने भी अपने विचार रखे। महोत्सव के प्रथम दिन श्रवण कुमार और नारद मोह की लीला का प्रभावशाली मंचन किया गया, जिसे देखने के लिए बड़ी संख्या में दर्शक पहुंचे।
श्रवण कुमार की भूमिका विपिन रोहिला, पिता की भूमिका चिराग, माता की भूमिका गोपाल कृष्ण, दशरथ की भूमिका डिंपल गोरख, सुरसेन की भूमिका सौरव भारद्वाज, गुरु वशिष्ठ की भूमिका तेजस जोशी, भगवान विष्णु की भूमिका करण सब्बरवाल, लक्ष्मी की भूमिका कुमारी वैशाली, नारद की भूमिका तेजस और शीलनिधि की भूमिका हर्ष कुमार ने निभाई।
दृश्य निर्देशन सुभाष कुमार, रूप सज्जा कुलदीप कुमार, संगीत निर्देशन गौरव शर्मा ने किया, जबकि ढोलक पर नरेश कुमार ने सहयोग दिया। इस मौके पर महामंत्री सर्वजीत सिंह धीर, संयोजक पुनीत धीर, कोषाध्यक्ष मनीष शर्मा, मीडिया प्रभारी प्रभजीत सिंह लाम्बा, विनय लाल सवाई, विनय कौशिक, विमल कोहली, रिंकू जाटव सहित बड़ी संख्या में दर्शक मौजूद रहे।
