गुघाल नाइट में कलाकारों ने देर रात तक बांधा समां
मेला गुघाल की सांस्कृतिक श्रृंखला में सजी सुर-ताल की महफिल, शानदार प्रस्तुतियों पर गूंजता रहा सभागार
सहारनपुर। मेला गुघाल के सांस्कृतिक कार्यक्रमों की श्रृंखला के तहत नगर निगम की ओर से जीआईसी सभागार में ‘गुघाल नाइट’ का आयोजन किया गया। दिल्ली से आए कलाकारों ने गीत, संगीत और नृत्य की शानदार प्रस्तुतियों से देर रात तक दर्शकों का मनोरंजन किया। कलाकारों की प्रस्तुतियों पर पूरा सभागार तालियों से गूंजता रहा।
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि एवं एससी-एसटी आयोग के सदस्य महीपाल वाल्मीकि, उपसभापति मयंक गर्ग, मेला संयोजक पार्षद संजय सैनी, सह संयोजक पार्षद ज्योति अग्रवाल, मेला आयोजन समिति अध्यक्ष पार्षद दिग्विजय चौहान, भाजपा प्रदेश महिला मोर्चा मंत्री नूतन शर्मा, कार्यक्रम संयोजक बरखा कल्याण, पार्षद चौ. वीरसेन सिद्धू, भाजपा नेत्री सरोज शर्मा, किरण चोपड़ा एडवोकेट और वीना बजाज ने दीप प्रज्वलित एवं रिबन काटकर किया।
गुघाल नाइट में दिल्ली से आए कलाकारों ने विभिन्न गीतों और नृत्यों की प्रस्तुतियां दीं। ग्रुप संचालक धुरेंद्र देव शर्मा की ओर से चौराहे पर थर्ड जेंडर पुलिसकर्मी द्वारा यातायात संचालन पर आधारित प्रस्तुति ने दर्शकों को खूब गुदगुदाया। वहीं प्रख्यात गायक संजीव पाराशर, राजा के सैक्सोफोन और रवि के गीतों ने कार्यक्रम में रंग जमा दिया।
कलाकारों ने जब ‘राणा जी माफ करना…’ गीत की प्रस्तुति दी तो पूरा सभागार तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा। दर्शकों ने कलाकारों की प्रस्तुतियों का जमकर आनंद लिया।
समारोह को संबोधित करते हुए महापौर डॉ. अजय कुमार ने कहा कि मेला गुघाल के मंच पर पर्वतीय संस्कृति, पूर्वांचल संस्कृति और स्पिक मैके के माध्यम से प्राचीन वाद्य यंत्रों पर बच्चों की प्रस्तुतियां देखने को मिल रही हैं। उन्होंने कहा कि विभिन्न संस्कृतियां देश की समृद्ध संस्कृति और विरासत को आगे बढ़ाने का काम कर रही हैं।
नगर विधायक राजीव गुंबर और मेला संयोजक संजय सैनी ने भी कार्यक्रम की सराहना की।
इससे पूर्व कार्यक्रम संयोजक पार्षद बरखा कल्याण, सह संयोजक राकेश कल्याण, मीनू यादव और विकास त्यागी ने मुख्य अतिथि महीपाल वाल्मीकि, महापौर डॉ. अजय कुमार, नगर विधायक राजीव गुंबर, मेला संयोजक संजय सैनी, सह संयोजक ज्योति अग्रवाल सहित अन्य अतिथियों, पार्षदों और जनप्रतिनिधियों को अंगवस्त्र ओढ़ाकर एवं स्मृति चिह्न भेंटकर सम्मानित किया।
कार्यक्रम का संचालन डॉ. वीरेंद्र आजम और ज्योति अग्रवाल ने किया।
