किसान दिवस में अधिकारियों की गैरहाजिरी पर भड़के डीएम, किसानों की समस्याओं के समयबद्ध निस्तारण के निर्देश

किसान दिवस में अधिकारियों की गैरहाजिरी पर भड़के डीएम, किसानों की समस्याओं के समयबद्ध निस्तारण के निर्देश
कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित किसान दिवस के दौरान किसानों की समस्याएं सुनते जिलाधिकारी अरविन्द कुमार चौहान।

सहारनपुर। कलेक्ट्रेट स्थित नवीन सभागार में बुधवार को आयोजित किसान दिवस में जिलाधिकारी अरविन्द कुमार चौहान ने किसानों की समस्याओं के निस्तारण में लापरवाही और संबंधित विभागों के अधिकारियों की अनुपस्थिति पर कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने लोक निर्माण और विद्युत विभाग के अधिकारियों के बैठक में उपस्थित न होने पर फटकार लगाते हुए स्पष्ट किया कि किसानों की समस्याओं के समाधान में किसी भी स्तर पर उदासीनता बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

जिलाधिकारी की अध्यक्षता में आयोजित किसान दिवस में करीब 100 किसानों ने प्रतिभाग किया। इस दौरान किसानों ने कृषि, गन्ना, विद्युत, लोक निर्माण और उद्यान विभाग से जुड़ी विभिन्न समस्याएं उठाईं। डीएम ने शिकायतों की समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को प्राथमिकता के आधार पर समयबद्ध एवं प्रभावी निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

किसानों को कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें : डीएम

जिलाधिकारी ने मुख्य विकास अधिकारी डॉ. सुनील कुमार वर्मा को निर्देशित किया कि आगामी किसान दिवस में संबंधित विभागों के उच्चाधिकारियों की उपस्थिति अनिवार्य रूप से सुनिश्चित कराई जाए, ताकि किसानों की समस्याओं का मौके पर ही समाधान किया जा सके। उन्होंने कहा कि किसानों को राहत पहुंचाना प्रशासन की प्राथमिकता है। शिकायतों के निस्तारण में अनावश्यक देरी न हो और किसी भी किसान को अपनी समस्या के समाधान के लिए बार-बार सरकारी कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें।

जिले में डीएपी और यूरिया का पर्याप्त स्टॉक

बैठक के दौरान जिला कृषि अधिकारी कपिल कुमार ने बताया कि जनपद में डीएपी और यूरिया का पर्याप्त भंडार उपलब्ध है। सहकारी समितियों के माध्यम से भी किसानों को समय पर उर्वरक उपलब्ध कराया जा रहा है। इस पर जिलाधिकारी ने किसानों से समय रहते खाद प्राप्त करने और उसका उचित उपयोग करने की अपील की।

उन्होंने किसानों को सलाह दी कि बीज, कीटनाशक और उर्वरक खरीदते समय दुकानदार से पक्का बिल अवश्य प्राप्त करें। इससे किसी प्रकार की अनियमितता सामने आने पर संबंधित विक्रेता के खिलाफ जांच एवं कार्रवाई करने में आसानी होगी।

फार्मर रजिस्ट्री कराने और वैज्ञानिक खेती अपनाने की अपील

किसान दिवस में प्रगतिशील महिला कृषक सुभावरी चौहान ने प्राकृतिक एवं जैविक खेती से जुड़े अपने अनुभव साझा किए। जिलाधिकारी ने किसानों से फार्मर रजिस्ट्री अनिवार्य रूप से कराने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि फार्मर रजिस्ट्री न होने की स्थिति में किसानों को विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ प्राप्त करने में कठिनाई हो सकती है।

डीएम ने किसानों को कृषि विभाग द्वारा संचालित योजनाओं की जानकारी लेकर उनका अधिक से अधिक लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया। साथ ही फसल उत्पादन बढ़ाने, खेती की लागत कम करने और बेहतर पैदावार प्राप्त करने के लिए आधुनिक एवं वैज्ञानिक कृषि तकनीकों को अपनाने की अपील की।

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