1 जून से देशव्यापी ‘खेत बचाओ अभियान’ शुरू: मिट्टी की सेहत सुधारने और लागत घटाने पर फोकस
केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान के नेतृत्व में 1 जून से 30 जून 2026 तक देशभर में ‘खेत बचाओ अभियान’ चलाने की घोषणा की गई है। अभियान का मुख्य उद्देश्य ‘कम खाद, सही खाद और सही सलाह’ के जरिए मिट्टी की सेहत में सुधार करना और किसानों की खेती लागत कम करना बताया गया है।
इस पहल के तहत खेत स्तर पर मृदा प्रबंधन, उर्वरक संतुलन और व्यावहारिक कृषि सलाह पर जोर दिया जाएगा। कृषि विशेषज्ञों का मानना है कि उर्वरकों का संतुलित उपयोग न केवल उत्पादकता को स्थिर रखता है बल्कि लंबे समय में मिट्टी की गुणवत्ता को भी संरक्षित करता है। अभियान का फोकस इसी संतुलन को जमीनी स्तर तक पहुंचाना है।
अभियान की अवधि एक महीने रखी गई है, ताकि राज्यों, कृषि विभागों और स्थानीय तंत्र के जरिए व्यापक पहुंच बनाई जा सके। इसके अंतर्गत जागरूकता गतिविधियां, फील्ड-आधारित मार्गदर्शन और किसानों को इनपुट लागत प्रबंधन के practical तरीके बताए जाने की संभावना है।
कृषि अर्थव्यवस्था के संदर्भ में यह पहल महत्वपूर्ण मानी जा रही है, क्योंकि लागत घटाने और मिट्टी स्वास्थ्य सुधार का सीधा असर उत्पादन स्थिरता और किसान आय पर पड़ता है। अगर अभियान लक्षित स्तर तक लागू होता है, तो खरीफ सीजन की तैयारी में भी इसका सकारात्मक प्रभाव दिख सकता है।
