सिख समाज की अनदेखी अब और बर्दाश्त नहीं: गुरप्रीत बग्गा
नवनियुक्त प्रदेश महासचिव का रंजीत अखाड़ा ने किया भव्य स्वागत, समाज को एकजुट होकर राजनीतिक भागीदारी बढ़ाने का आह्वान
सहारनपुर। रंजीत अखाड़ा की ओर से उत्तर प्रदेश सिख गुरुद्वारा मैनेजमेंट कमेटी के नवनियुक्त प्रदेश महासचिव सरदार गुरप्रीत सिंह बग्गा के सम्मान में घंटाघर स्थित एक होटल में भव्य स्वागत समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम में विभिन्न गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटियों के पदाधिकारियों, सिख समाज के गणमान्य लोगों तथा सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने बड़ी संख्या में पहुंचकर नवनियुक्त महासचिव का अभिनंदन किया।
कार्यक्रम का शुभारंभ वाहेगुरु के जयकारों के साथ हुआ। इस दौरान सरदार गुरप्रीत सिंह बग्गा को फूल-मालाएं पहनाकर तथा सिरोपा भेंट कर सम्मानित किया गया। स्वागत से अभिभूत बग्गा ने रंजीत अखाड़ा और कार्यक्रम में मौजूद सभी लोगों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उन्हें मिला सम्मान किसी व्यक्ति विशेष का नहीं, बल्कि पूरे सिख समाज का सम्मान है।
‘आपसी मतभेद भुलाकर एक मंच पर आए समाज’
सरदार गुरप्रीत सिंह बग्गा ने सिख समाज के लोगों से आपसी मतभेदों को भुलाकर एकजुट होने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि समाज को अपनी सामूहिक शक्ति और संगठन को मजबूत करने की दिशा में गंभीरता से काम करना होगा। एकजुट समाज ही अपने अधिकारों और जायज मांगों को प्रभावी ढंग से सरकारों के सामने रख सकता है।
उन्होंने कहा कि सिख समाज धार्मिक और सामाजिक क्षेत्रों में लगातार सक्रिय भूमिका निभा रहा है। समाज के लोग शिक्षा, सेवा, व्यापार, सामाजिक कार्य और जनसेवा सहित विभिन्न क्षेत्रों में योगदान दे रहे हैं, लेकिन राजनीतिक क्षेत्र में समाज की भागीदारी अपेक्षाकृत कम है।
राजनीतिक प्रतिनिधित्व बढ़ाने पर जोर
बग्गा ने कहा कि राजनीतिक प्रतिनिधित्व कम होने के कारण समाज को अपनी जायज मांगों और समस्याओं के समाधान के लिए कई बार संघर्ष करना पड़ता है। उन्होंने कहा कि यदि सिख समाज एकजुट होकर एक मंच पर आए और लोकतांत्रिक तरीके से अपनी राजनीतिक ताकत का प्रदर्शन करे तो सरकारों पर समाज को उचित प्रतिनिधित्व देने का दबाव बनेगा।
उन्होंने कहा कि समाज को केवल धार्मिक और सामाजिक गतिविधियों तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि राजनीतिक रूप से भी सशक्त और जागरूक होना जरूरी है। राजनीतिक भागीदारी बढ़ने से समाज की समस्याओं को उचित मंच पर मजबूती से उठाया जा सकेगा और युवाओं के लिए भी नए अवसर पैदा होंगे।
समाज की एकता को बताया सबसे बड़ी ताकत
कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि सिख समाज की सबसे बड़ी ताकत उसकी एकता, सेवा भावना और सामाजिक समर्पण है। समाज के सभी वर्गों को मिलकर संगठन को मजबूत करना चाहिए और नई पीढ़ी को सामाजिक एवं धार्मिक मूल्यों से जोड़ते हुए उन्हें आगे बढ़ने के अवसर उपलब्ध कराने चाहिए।
समारोह में मौजूद लोगों ने नवनियुक्त प्रदेश महासचिव गुरप्रीत सिंह बग्गा को नई जिम्मेदारी के लिए शुभकामनाएं दीं और समाजहित में उनके साथ मिलकर कार्य करने का भरोसा दिलाया।
कार्यक्रम के अंत में उपस्थित लोगों के लिए गुरु का लंगर आयोजित किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया। इस दौरान सिख समाज के गणमान्य व्यक्ति, गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटियों के पदाधिकारी और सामाजिक संगठनों से जुड़े लोग मौजूद रहे।
