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UGC के नियमों पर विकास दिव्यकीर्ति का बड़ा बयान, ‘मुझे लगता है कि बहुत अच्छे…’

UGC के नियमों पर विकास दिव्यकीर्ति का बड़ा बयान, ‘मुझे लगता है कि बहुत अच्छे…’

भेदभाव की परिभाषा से संबंधित यूजीसी के नए नियमों पर सुप्रीम कोर्ट में गुरुवार (29 जनवरी) को रोक लगा दी. अभी 2012 वाला पूरा नियम ही लागू रहेगा. यूजीसी के नियमों के विरोध करने वाले संगठनों ने सुप्रीम कोर्ट के फैसले का स्वागत किया है. इस बीच जाने माने शिक्षक विकास दिव्यकीर्ति ने नए नियमों पर प्रतिक्रिया दी और इसको विस्तार से समझाने की भी कोशिश की.

थोड़ा हड़बड़ी में बनाया गया रेगुलेशन- दिव्यकीर्ति

विकास दिव्यकीर्ति ने कहा, “कई बार ऐसा होता है कि कुछ बातें बढ़ा चढ़ाकर बताई गईं और हम घबरा जाते हैं. मामला कुछ-कुछ ऐसा ज्यादा है. डरने की बात उतनी है नहीं जितना समाज में हमें दिख रहा है. लेकिन हां, मुझे ये भी लगता है कि बहुत अच्छे रेगुलेशन अगर थोड़े और सावधानी से बनते, थोड़ा हड़बड़ी में बनाया गया रेगुलेशन दिख रहा है. हालांकि, उन्हें टाइम तो पूरा मिला था.”

 

मैं जनरल केटेगरी से हूं, लेकिन आरक्षण का समर्थक- दिव्यकीर्ति

अपनी बातचीत में उन्होंने ये भी कहा, “मैं जनरल केटेगरी से हूं. लेकिन मैं रिजर्वेशन का, सोशल जस्टिस का सपोर्टर हूं. लेकिन इसका मतलब ये नहीं है कि मैं रिजर्वेशन या सोशल जस्टिस के नाम पर आने वाली हर पॉलिसी के हर प्वाइंट का समर्थक हूं. अगर उसमें कहीं कोई दिक्कत है तो उसका विरोध करना चाहिए.”

उन्होंने कहा कि टाइमलाइन को देखने पर बात समझ में आएगी. 13 जनवरी को ये नोटिफिकेशन आया. क्योंकि सुप्रीम कोर्ट ने जिस केस के तहत आदेश दिया था, उसकी अगली सुनवाई 15 जनवरी को थी. विकास दिव्यकीर्ति ने कहा, “मेरे खयाल से वहां यूजीसी को ये बताना था कि हमने रेगुलेशन निकाल दिया है. सुप्रीम कोर्ट में जो केस चल रहा है वो 2019 का है. रोहित वेमुला की मां राधिका वेमुला और पायल तड़वी की मां ने जॉइंट पिटीशन सुप्रीम कोर्ट में लगाई थी.”

विकास दिव्यकीर्ति ने आगे बताया, “याचिका में कहा गया था कि 2012 के रेगुलेशन पर्याप्त नहीं हैं. उनका इंप्लीमेंटेशन भी ठीक से होता नहीं है. जिनको इसका फायदा मिलना चाहिए, उनको नहीं मिलता. इस पर सुप्रीम कोर्ट ने सुनवाई की. 2025 की शुरुआत में सुप्रीम कोर्ट ने यूजीसी को साफ-साफ कहा कि इसको इंप्रूव करिए. यूजीसी ने पिछले साल सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बाद 27 फरवरी 2025 को ड्राफ्ट निकाल दिया. ड्राफ्ट में कुछ बाते नहीं थीं.”

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