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Coronavirus करा रहा यह कैसी रेस! अमेरिका, इटली और स्पेन में हर दिन बदल रहे हालात पर राहत नहीं

Coronavirus करा रहा यह कैसी रेस! अमेरिका, इटली और स्पेन में हर दिन बदल रहे हालात पर राहत नहीं
हाइलाइट्स
  • कोरोना का अमेरिका, इटली और स्पेन में कहर
  • अमेरिका में 3 लाख के करीब पहुंच रहे इन्फेक्शन
  • इटली में सबसे ज्यादा मौतें, अब दिखी गिरावट
  • स्पेन में बढ़ी इन्फेक्शन और मौतों की संख्या
  • न्ययॉर्क/रोम/मैड्रिड

यूं तो इस वक्त लगभग पूरी दुनिया कोरोना वायरस की चपेट में है लेकिन कुछ देश ऐसे हैं जहां इसके कहर से जल्द ही कोई राहत मिलती नहीं दिखाई दे रही है। सबसे ज्यादा इन्फेक्शन का शिकार सुपरपावर अमेरिका, सबसे ज्यादा मौतें झेल चुका इटली और और दोनों ही मामलों में तेजी से आगे बढ़ रहा स्पेन। इन तीनों देशों में पिछले दिनों जिस तरह से हालात खराब हुए हैं, पूरी दुनिया यह देखकर सकते में है।

अमेरिका में एक दिन में सबसे ज्यादा मौतें

अमेरिका में अब तक ज्यादा 2,90,920 लोग कोरोना की चपेट में आ चुके हैं और 7,844 लोगों की मौत हो चुकी है। शुरुआत में इसे लेकर काफी चलताऊ रवैया अपनाने वाली सरकार अभी भी पूरी तरह से सचेत नहीं हुई है। यहां एक ओर स्टेट्स के गवर्नर पर्याप्त संसाधन भेजने की गुहार लगाए जा रहे हैं, तो वहीं राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप मास्क जैसी सबसे बेसिक जरूरत को भी तवज्जो देते नहीं दिख रहे हैं। इस बीच यहां शनिवार को अब तक 13,759 नए केस आ चुके हैं जबकि 440 मौतें हो चुकी हैं।

1 लाख से 2.4 लाख मौतें की आशंका
इससे पहले शुक्रवार यहां रेकॉर्ड 1,480 मौतें दर्ज की गईं जो इस त्रासदी के आने के बाद से सबसे बड़ी संख्या है। इससे पहले भी सबसे ज्यादा 1,169 मौतें गुरुवार को यहां हुई थीं। कुछ दिन पहले ट्रंप की टीम के एक्सपर्ट्स ने आशंका जताई थी कि देश में कोरोना के चलते 1 लाख से 2.4 लाख तक लोगों की मौत हो सकती है। हालांकि, उनका कहना था कि मौजूदा ट्रेंड को देखते हुए ऐसा अनुमान लगाया गया था लेकिन एक बार चरम पर पहुंचने के बाद यह संख्या नीचे आएगी।

भारतीय पत्रकार ने बयां किया करोना से जूझते अमेरिका का हाल

भारतीय पत्रकार ने बयां किया करोना से जूझते अमेरिका का हालकोरोना वायरस के कहर के आगे दुनिया में महाशक्ति अमेरिका भी बेबस नजर आ रहा है। अमेरिका के ह्यूस्टन में रह रहीं भारतीय पत्रकार हुमा इकबाल ने नवभारत टाइम्स के साथ साझा किया कोरोना वायरस से जूझते अमेरिका का ताजा हाल।

इटली को मिलेगी राहत?
दूसरी ओर इटली अब तक कोरोना का सबसे बड़ा शिकार बना है। बुजुर्गों की बड़ी आबादी वाले इटली में सबसे ज्यादा 14,681 लोगों की मौत हो गई है। सबसे ज्यादा डेथ रेट (12.26) वाले इटली में शनिवार को अब तक 80 लोगों की मौत हो चुकी है और दिन खत्म होने तक यह आंकड़ा कहां पहुंचता है, इस पर सबकी निगाहें टिकी रहेंगी। यहां 119,827 लोग कोरोना वायरस के लिए पॉजिटिव पाए गए हैं।

पहले भी आई थी गिरावट
यहां शुक्रवार को 766 लोगों की मौत हुई जो पिछले कुछ दिनों की संख्या से कम है और अब गिरावट की ओर इशारा कर रहा है। इन्फेक्शन रेट में भी गुरुवार की तुलना में गिरावट दर्ज की गई जो 3% से 2.8% पर आ गया। यही नहीं, एक बड़ी राहत का संकेत शनिवार को इटली में तब देखने को मिला जब पहली बार यहां आईसीयू के मामलों में कमी दर्ज की गई। हालांकि, इससे पहले भी इटली में कई बार दो-तीन दिन तक एक दिन में होने वाली मौतों की संख्या में गिरावट देखने को मिली थी लेकिन उसके बाद एकदम से उछाल भी आ गया था।

​पहले जानें कहां हुई थी रिसर्च

  • ​पहले जानें कहां हुई थी रिसर्च

    कोरोना वायरस के संक्रमण का सबसे बुरा असर इस समय अमेरिका झेल रहा है और यही वजह है कि वह इस वायरस का तोड़ खोजने के लिए हर संभव कोशिश कर रहा है। इसी कड़ी में जब वहां के डॉक्टरों ने कोरोना वायरस के संक्रमण को लेकर यह जानना चाहा कि यह वायरस कितनी दूर तक फैल सकता है तो उन्होंने इस बारे में रिसर्च शुरू की। अमेरिका में शुरू हुई इस रिसर्च में विशेष डॉक्टरों की टीम लगी हुई थी और उन्होंने इस पर गहन अध्ययन किया। उसके बाद जो नतीजे आए वह सोशल डिस्टेंसिंग के लिए बनाई गई दूरी पर चिंता जाहिर करने वाले थे।
  • ​कैसे की गई रिसर्च

    कोरोना वायरस के संक्रमण के फैलने की दूरी का सही पता लगाने के लिए डॉक्टरों की टीम के द्वारा बेहतरीन लेजर टेक्निक और कैमरे का इस्तेमाल किया गया। रिसर्च में ऐसे लोगों को शामिल किया गया जिनको खांसने और छींकने के लक्षण थे। उसके बाद इन लोगों पर लंबे समय तक रिसर्च की गई और देखा किया कि जब यह लोग खांसते और छींकते हैं तो इनके मुंह से निकली ड्रॉपलेट्स जिनमें वायरस भी मौजूद हो सकते हैं वह केवल एक या 2 मीटर की दूरी तक नहीं बल्कि आगे तक भी जा सकते हैं।
  • ​कितनी दूरी तक फैल सकता है वायरस

    कोरोना वायरस के संक्रमण पर जारी कि गई नई रिसर्च में यह बताया गया है कि यह वायरस करीब 8 मीटर की दूरी तक जा सकता है। ऐसे में आपको मास्क पहनने और उसके इस्तेमाल के साथ-साथ कई अन्य बातों पर भी सोचना चाहिए। इसके बारे में विश्व स्वास्थ्य संगठन की ओर से कब तक नई गाइडलाइन जारी की जाएगी, यह कहना अभी मुश्किल है, लेकिन एहतियात के तौर पर आप कुछ हद तक सावधानी जरूर बरत सकते हैं। यह भी पढ़ें : इन वर्कआउट से घर पर बनेगी बॉडी
  • ​क्या करना होगा सही

    फिलहाल अगर रिपोर्ट की मानें तो आपको ज्यादा परेशान होने की जरूरत नहीं है बस आप कुछ सामान्य-सी बातों पर ध्यान दे सकते हैं। इसके लिए आप सावधानी के तौर पर मास्क पहनने के अलावा खांसने और छींकने वाले लोगों से ज्यादा से ज्यादा दूरी बना कर रखें। एक बात का और ध्यान दें कि आप खुद भी ऐसे लक्षणों से पीड़ित हों तो लॉकडाउन में सब्जी और दूध लेने भी बाहर न निकलें और जरूरत के हिसाब से चेक-अप करवाएं।
  • ​अन्य दिशा-निर्देशों का कड़ाई से करें पालन

    कोविड-19 के संक्रमण से बचे रहने के लिए बाकी अन्य सभी दिशा-निर्देशों का कड़ाई से पालन करें। अपने हाथों को धोना, किसी भी खांसने और छींकने वाले व्यक्ति के संपर्क में आने से बचना, माउथ मास्क को पहने रहना, सर्दी-खांसी के लक्षण दिखने पर खुद को घर में ही रखना जैसी बातों का गंभीरतापूर्वक पालन करें। यह भी पढ़ें : स्मोकिंग करने वाले कोरोना से रहें सावधान

यूरोप में स्पेन सबसे ज्यादा इन्फेक्टेड
दुनिया में सबसे ज्यादा इन्फेक्शन और मौत के केस यूरोप में हैं। यूरोप में सबसे ज्यादा जानें इटली में गई हैं लेकिन इन्फेक्शन स्पेन में तेजी से बढ़ रहा है। यह एक बड़ी खतरे की घंटी है। स्पेन में शनिवार को अब तक 809 लोगों की मौत हो गई। इसके साथ ही यहां कोरोना के चलते मरने वालों का आंकड़ा 11,744 पर पहुंच गया है। हालांकि, पिछले दिनों की तुलना में यहां भी गिरावट आई है। दो दिन से यह आंकड़ा 900 से नीचे है जिसे राहत का संकेत माना जा रहा है।

जारी रहेगा लॉकडाउन
चिंता की बात यह है कि यहां इन्फेक्शन 1,24,736 लोगों में पाया गया है और डेथ रेट 9.47% पर है। एक दिन में मरने वालों की संख्या में कमी को प्रधानमंत्री पेड्रो सशेज ने उम्मीद के मुताबिक बताया है लेकिन उन्होंने साफ किया है कि फिलहाल देश में चल रहा लॉकडाउन 25 अप्रैल तक जारी रहेगा। इसके जरिए आने वाले दिनों में रोज बढ़ने वाले इन्फेक्शन्स को कम करने का लक्ष्य बनाया गया है।

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