‘यह CM योगी को बदनाम…’, यूपी SI भर्ती परीक्षा में विवादित सवाल पर बोले आचार्य प्रमोद कृष्णम
उत्तर प्रदेश में दरोगा भर्ती परीक्षा में अवसरवादी प्रश्न का विकल्प ‘पंडित’ देने पर विवाद शुरू हो गया है. ऐसे में इस विवाद पर जगतगुरु आचार्य प्रमोद कृष्णम ने कहा कि ये मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को बदनाम करने की साजिश है. जिसमें राहुल गांधी और अखिलेश यादव सहित विपक्ष के सारे नेता शामिल हैं.
उन्होंने आगे कहा कि यह लोग योगी आदित्यनाथ को ब्राह्मणों का दुश्मन बनाना चाहते हैं और यह संदेश देना चाहते हैं कि योगी आदित्यनाथ ब्राह्मणों को निशाना बना रहे हैं और उन्हीं के इशारे पर भर्ती परीक्षा में यह सवाल पूछा गया है जबकि ऐसा नहीं है. हिंदुओ को बांट कर इसका फायदा राहुल गांधी और अखिलेश यादव लेना चाहते हैं.
आचार्य प्रमोद कृष्णम ने बताया षडयंत्र
आचार्य प्रमोद कृष्णम ने आगे कहा कि यह सियासत के षड़यंत्र हैं जो सत्ता के सिंघासन को पाना चाहते हैं. इसमें कुछ अधिकारी भी शामिल हैं इसकी जांच होनी चाहिए. और अधिकारियों को सजा मिलनी चाहिए.
संभल मस्जिद मामले पर आए फैसले को लेकर क्या कहा?
इलाहाबाद हाईकोर्ट के जजों द्वारा संभल के डीएम और एसपी पर की गई टिप्पणी पर आचार्य प्रमोद कृष्णम ने कहा कि संभल जिला प्रशासन को हाईकोर्ट के आदेश का अक्षरशाय पालन करना चाहिए. उन्होंने सीओ संभल कुलदीप कुमार के बयान पर कहा कि अधिकारियों को अपनी भाषा पर नियंत्रण रखना चाहिए और किसी भी समुदाय को निशाना नहीं बनाना चाहिए.
उन्होंने कहा कि विदेश नीति में भारत आज दुनिया के सिर पर बैठा है. आज भारत जो फैसला लेगा उसका असर पूरी दुनिया पर पड़ेगा वैश्विक पटल पर भारत बहुत सशक्त है. भारत न किसी से डरता है और न किसी के सामने झुकता है. राहुल गांधी ट्रंप की बात कर के भारत मे अस्थिरता पैदा करना चाहते हैं. राहुल गांधी और विपक्ष के सभी नेता विदेशी ताकतों के हाथों बिके हुए हैं. ये लोग भारत सरकार को बदनाम करना चाहते हैं.
पीएम मोदी को लेकर क्या बोले आचार्य प्रमोद कृष्णम?
इस बीच पीएम को लेकर कहा कि नरेंद्र मोदी एक बरगद की तरह हैं और राहुल अखिलेश गमलों में उगे हुए पौधों की तरह हैं. आचार्य प्रमोद कृष्णम ने देश की सभी समस्याओं के लिए राहुल गांधी और अखिलेश यादव को जिम्मेदार ठहराया.
उन्होंने कहा कि देश में गैस सिलेंडर की कोई कमी नहीं है. ये सब राहुल गांधी और विपक्ष के नेताओं का प्रोपेगेंडा है. राहुल गांधी विदेशी ताकतों के हाथों में खेलने वाले प्रोपेगेंडा मंत्री हैं और नरेन्द्र मोदी से नफरत करते हैं.
