त्याग व तपस्या क प्रतिमूर्ति संत गाडगे बाबा
- सहारनपुर में संत गाडगे बाबा के चित्र पर पुष्प अर्पित करते सपाई।
सहारनपुर। समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने प्रख्यात समाज सुधारक संत गाडगे की जयंती मनाकर समाज में ऊंचनीच व जातिगत भेदभाव को समाप्त करने का संकल्प लिया। स्थानीय अम्बाला रोड स्थित सपा जिला कार्यालय पर आयोजित कार्यक्रम में सपाइयों ने संत गाडगे के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया।
कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए जिलाध्यक्ष चौ. अब्दुल वाहिद ने कहा कि संत गाडगे एक समाज सुधारक थे जिन्होंने सदैव अंधविश्वास व कुरीतियों के खिलाफ जनांदोलन किया और समाज में ऊंच नीच के भेदभाव को समाप्त करने का काम किया। जिला उपाध्यक्ष हसीन कुरैशी ने कहा कि संत गाडगे ने समाज में एक नई जागृति लाने के लिए हरसंभव प्रयास किए। इसलिए हमें संत गाडगे की जयंती को प्रेरणा दिवस के रूप में मनाते हुए उनके आदशों से प्रेरणा लेनी चाहिए।
चौ. अब्दुल गफूर व अमरीश चौटाला ने कहा कि संत गाडगे त्याग और तपस्या की सच्ची मूर्त थे जिन्होंने महाराष्ट्र में विभिन्न धर्मशाला, स्कूल, कालेज, छात्रावास, गौशाला आदि का निर्माण कराया जो उनके त्याग की सच्ची मिसाल है। पिछड़ा वर्ग प्रकोष्ठ के प्रदेश कोषाध्यक्ष इंजी. विजेश शर्मा ने कहा कि संत गाडगे ने अपना सारा जीवन समाज को सुधारने और अंधविश्वास व कुरीतियों को समाप्त करने के लिए व्यतीत किया। उन्होंने सदैव अपने कार्य को सर्वोपरि मानकर काम किया। ऐसे संत सदैव समाज में अपने आदर्शों के बल पर सदैव जिंदा रहेंगे।
उन्होंने कहा कि हमें संत गाडगे जैसे लोगों से शिक्षा लेकर समाज में इसी तरह काम करना चाहिए। इस दौरान वेदपाल पटनी, कुरबान प्रधान, आफताप मलिक, चौ. जुमला सिंह, कुंवर पाल अहमदपुर, महजबी खान, अंजू रानी, जिंदी गुर्जर, साबरीन, सलीम प्रधान, विशाल यादव आदि मौजूद रहे।
