पुरानी पेंशन बहाली ही शिक्षक-कर्मचारी हित का अंतिम विकल्प: तरुण भोला
- सहारनपुर में बैठक में भाग लेने जाते राज्य कर्मचारी।
सहारनपुर। उत्तर प्रदेश राज्य कर्मचारी एसोसिएशन (सम्बद्ध राष्ट्रीय राज्य कर्मचारी महासंघ एवं भारतीय मजदूर संघ) के मंडल प्रभारी तरूण भोला ने कहा कि पुरानी पेंशन बहाली ही शिक्षकों एवं कर्मचारियों के हित का अंतिम विकल्प है। तरूण भोला आज सिंचाई विभाग परिसर स्थित संघ कार्यालय में आयोजित बैठक को सम्बोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि संगठन पुरानी पेंशन व्यवस्था की बहाली के लिए लगातार संघर्षरत है।
उन्होंने बताया कि सावन में कांवड़ यात्रा के कारण कुछ कार्यक्रम स्थगित किए गए थे, लेकिन अगस्त माह में पुन: जनप्रतिनिधियों व अधिकारियों के माध्यम से ज्ञापन कार्यक्रम चलाया जाएगा। प्रदेश उपाध्यक्ष एवं पश्चिम क्षेत्र प्रभारी धर्मेन्द्र धवलहार ने कहा कि पुरानी पेंशन ही कर्मचारियों के बुढ़ापे की आर्थिक व सामाजिक सुरक्षा है। सरकार को इस मुद्दे पर गंभीरता से विचार करना चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकार से उम्मीद है कि वह कर्मचारियों की इस मांग को मानेगी।
राजेश कुमार ने कहा कि संघर्ष केवल व्यक्तिगत हित के लिए नहीं, बल्कि आने वाली पीढिय़ों के अधिकारों की रक्षा के लिए है। रूपेश कुमार ने बताया कि मंडल व जनपद स्तर पर पुरानी पेंशन बहाली हेतु सिंचाई विभाग की अपर खंड पूर्वी यमुना नहर इकाई पूरा सहयोग देगी। उन्होंने सरकार पर मध्यम वर्ग को कमजोर करने का आरोप भी लगाया। सौरभ गौतम ने इसे कर्मचारियों की नैतिक जिम्मेदारी बताते हुए कहा कि सरकार के समक्ष अपनी मांग मजबूती से रखना हर कर्मचारी का कर्तव्य है।
बैठक में सुंदर लाल, लक्ष्य गौड़, प्रदीप सैनी, मणिक पाल, मुकेश शर्मा, मनोज रावत, शिवम यादव, विकास कुमार, सचिन मित्तल, देवेंद्र गोसाई, मोती यादव, विनोद कुमार समेत बड़ी संख्या में कर्मचारी उपस्थित रहे। बैठक की अध्यक्षता पूर्व सिंचाई संघ अध्यक्ष राजेश कुमार ने की, जबकि संचालन रूपेश कुमार ने किया।
