नई दिल्ली। राजनीति क्या-क्या नहीं करवाती है। कभी एक साथ रहने वाले जरा सी बात बिगड़ने या विचारों में टकराव होने के बाद एक दूसरे के दुश्मन भी हो जाते हैं। फिर पर्दे के पीछे से एक दूसरे के खिलाफ षडयंत्र रचने का सिलसिला शुरू हो जाता है। कुछ ऐसा ही मामला दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और कवि कुमार विश्वास के साथ जुड़ा हुआ है। कभी दोनों मिलकर दिल्ली की सड़कों पर आम आदमी पार्टी को आगे बढ़ाने के लिए रणनीति बनाया करते थे, मीटिंगों में हिस्सा लेकर योजनाएं बनाया करते थे मगर अब समय बदल गया है। षडयंत्रों का दौर चल रहा है और अप्रत्यक्ष तरीके से ताकत दिखाने की कोशिश कर रहे हैं।
बता दें कि आम आदमी पार्टी के रूपनगर के एक नेता ने कुमार विश्वास पर कथित तौर पर आम आदमी पार्टी के कन्वीनर और दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के खिलाफ खालिस्तानी आतंकियों से संबंध होने को लेकर बयान देने का आरोप लगाया था। पुलिस को दी शिकायत में इस नेता ने कहा था कि कुमार विश्वास के इस बयान के कारण आम आदमी पार्टी के नेताओं की छवि प्रभावित हुई है और लोग खालिस्तान को लेकर उन पर ताने कस रहे हैं। इसी आप नेता की शिकायत के आधार पर रूपनगर के एक थाने में एफआइआर दर्ज की गई है। इसी तरह से कांग्रेस की नेता अलका लांबा के खिलाफ भी पंजाब में ही पुलिस ने एफआइआर दर्ज की थी। पंजाब पुलिस की टीम पिछले दिनों सुबह के समय गाजियाबाद के वसुंधरा स्थित कुमार विश्वास के घर पहुंची थी।इसके बाद कुछ दिन पहले गाजियाबाद के वसुंधरा स्थित कुमार विश्वास के घर पर पंजाब पुलिस पहुंची थी। इस पर कुमार विश्वास ने वो तस्वीरें शेयर करते हुए लिखा था कि पंजाब में नई सरकार बनने के बाद पुलिस का कुछ ऐसा इस्तेमाल हो रहा है।
रूपनगर पुलिस ने कुमार विश्वास और अलका लांबा को मामले में पूछताछ और जांच में शामिल होने के लिए 27 अप्रैल को रूपनगर आने का नोटिस दिया। इसके बाद कुमार विश्वास ने अपने खिलाफ दर्ज एफआइआर को रद करने की मांग करते हुए पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट में याचिका दायर की। इस पर सुनवाई के बाद पिछले दिनों हाई कोर्ट ने आज यानि सोमवार(2 मई) तक के लिए अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था। इसी मामले की सुनवाई करते हुए आज हाई कोर्ट ने उनको राहत देते हुए गिरफ्तारी पर फिलहाल रोक लगा दी।

इसके बाद अब कुमार विश्वास ने अपने इंटरनेट मीडिया एकाउंट ट्विटर पर ट्वीट किया है। इसमें उन्होंने लिखा है कि सियासत मैं तेरा खोया या पाया हो नहीं सकता,तेरी शर्तों पे ग़ायब या नुमॉंया हो नहीं सकता,
भले साज़िश से गहरे दफ़्न मुझ को कर भी दो पर मैं,
सृजन का बीज हूँ मिट्टी में ज़ाया हो नहीं सकता।”
इसके साथ उन्होंने एक तस्वीर भी पोस्ट की है।
रूपनगर पुलिस ने इसके बाद कुमार विश्वास के खिलाफ एफआइआर दर्ज कर ली थी। इस पर विवाद हुआ तो पंजाब पुलिस ने साफ किया कि पुलिस टीम कुमार विश्वास को गिरफ्तार करने के लिए नहीं बल्कि पूछताछ के बुलावे के लिए नोटिस देने गई थी। पंजाब के रूपनगर पुलिस की टीम दिल्ली में ही कांग्रेस नेता अलका लांबा के घर पर भी पहुंची थी।