शिवाजी महाराज पर की आपत्तिजनक पोस्ट, फिर भरी पंचायत में मारी दी गोली, दो घायल
- सोशल मिडिया पर शिवाजी के प्रति की गयी आपत्तिजनक पोस्ट हुए विवाद को निपटाने के लिये बैठी थी पंचायत
नकुड [ इंद्रेश]। सोशल मिडिया पर शिवाजी महाराज के खिलाफ पेास्ट डालने को लेकर हुए विवाद को निपटाने के लिये हुई पंचायत मे हुई फायरिंग मे दो व्यक्ति घायल हो गये। मामला दो समुदायों के बीच होने से इस घटना से तनाव को माहोल बन गया है।
तिरपडी निवासी मोहकम सिंह, प्रधान ओम सिंह ने बताया कि एक दिन पूर्व गांव के ही ओरिस ने सोशल मिडिया पर शिवाजी महाराज के प्रति अभद्र पोस्ट डाल दी थी। इसका पता चला तो मोहकम के पुत्र रोहित ने शिवाजी को देश के लिये महान बताते हुए पोस्ट डिलीट करने के लिये कहा था। मोहकम ने आरोप लगाया कि इस बात से नाराज जिशान, आोरिस, अकरम, अनीस, रईस आदि व कई महिलाओ ने सोमवार को सुबह उसके घर मे आकर रोहित के साथ मारपीट कर दी। जिससे गांव मे तनाव का माहौल था।
इस घटना को निपटाने के लिये शाम चार बजे के करीब गांव मे पंचायत आयोजित की गयी। आरोप दोनो पक्षों के लोग आपस मे बातचीत कर ही रहे थे तभी कुछ लोगो ने पंचायत मे गोली चला दी। एक गाली सतीश पुत्र घासीराम को लगी। सतीश का कहना है कि आरोपी ने गोली उसकी छाती पर चलायी। उसने बचने के लिये हाथ आगे किया तो वह उसके हाथ मे लगीं । दुसरी गोली के छर्रे उसकी कमर मे लगे। इसके अलावा नरेंद्र पुत्र पहल सिंह भी गोली के छर्रो से घायल हो गये। पिडित पक्ष का कहना था कि आरोपियों ने हमला करने के लिये बाहर से अज्ञात लोग बुला रखे। उन्होंने फायरिंग के साथ ही लाठी डंडो से भी हमला किया।

गोली लगने के समाचार से पूरे गांव मे सनसनी फैल गयी। घटना की सूचना पुलिस को दी गयी। जिसके बाद पुलिस अधिकारी दलबल के साथ गांव में पहुचे। घायलो को उपचार के लिये नकुड सामुदायिक चिकित्सा केंद्र पर ले जाया गया। जंहा से प्राथमिक उपचार के बाद उन्हे हायर सेंटर रैफर कर दिया गया। अस्पताल मे मौजुद प्रधान ओम सिंह , रामपाल सिंह, मा. गंगाराम, सुशील कुमार आदि ने बताया कि गांव के हिन्दू समुदाय को आंतकित करने के लिये ही गांव मे गोली चलायी गयी।
विश्व हिदु परिषद के जिलाध्यक्ष ने अस्पताल पहुचंकर घायलो का हाल जाना
विश्व हिदु परिषद के जिलाध्यक्ष दिग्विजय त्यागी ने अस्पताल मे पहुचकर घायलो व ग्रामीणो से बात कर उनका हाल की जानकारी ली। साथ उन्हे मदद का भरौसा दिया। उन्होंने पुलिस प्रशासन से आरोपियो के खिलाफ कडी कार्रवाई करने की मांग की है। घटना से पुलिस प्रशासन मे भी हडकंप मच गया है। गौरतलब है कि पुलिस पहले से ही क्षेत्र मे लगातार पैदल मार्च कर कानून व्यवस्था को दुरूस्त करने का प्रयास कर रही है।
