
तहसील प्रशासन पर विवादो का समाधान न करने के आरोप लगाकर किसानो ने तहसील पर दिया धरना
किसानो ने कहा तहसील कर्मचारी समस्या का समाधान करने के बजाये बढाते है
नकुड 4 फरवरी इंद्रेश। भारतीय किसान युनियन टिकैत ने तहसील प्रशासन पर किसानो को परेशान करने व विवादो का निपटारा न करने के आरोप लगाते हुए तहसील मुख्यालय पर धरना दिया। किसानो ने अधिकारियों के समक्ष ख्ुालकर कर्मचारियों पर विवादो को बढाने के आरोप लगये। विवादो का समाधान करने के आश्वासन के बाद किसानो ने अपना धरना स्थगित किया।
बुद्धवार को भारतीय किसान युनियन के बैनर तले दर्जनो किसान भाकियु नेता संजय चैधरी, तहसीन , मेवाराम, प्रदीप ठाकुर व बालेंद्र सिंह के नेर्तत्व में तहसील मुख्यालय पर पहुचे। उन्होंने एसडीएम न्यायालय के समक्ष धरना शुरू कर दिया । उनका आरोप था कि तहसील के ग्राम भोगीमाजरा मे पटटे की जमीन को पूरा कराने को लेकर दो पक्षो मे कई महिनो से विवाद है।
एक पक्ष ने जमीन पर गन्ना बो रखा था। अधिकारियो ने उसका कटा हुआ गन्ना रोक दिया । जिससे वह सूख गया। इससे किसान को हजारो रूपये का नुकसान हुआ है। जबकि कर्मचारियो ने विवाद का निपटारा नहीं किया। किसान नेताओ ने आरोप लगाया कि कानूनगो व लेखपाल छोटे छोटे विवादो का निपटारा नही करते । बल्कि उन्हे बढाने का काम करते है।
किसानो ने आरोप लगया कि हसनपुर मे एक किसान की छः बार मोटर चोरी हो चुकी है। परंतु पुलिस चोर का पकडने मे नाकाम रही है। किसानो के नलकूपो पर चोरी की घटना आम हो गयी है। परंतु स्थानीय पुलिस चोरो को पकडने के प्रति गंभीर नही है। किसानो का धरना शुरू होते ही एसडीएम सुरेंद्र कुमार, सीओ व तहसीलदार प्रियंक सिंह भी धरना स्थल पर पहुच गये। उन्होंने किसानो को समझाने का प्रयास किया । पंरतु किसान समस्या के समाधान होने तक धरना खत्म करने को तैयार नहंी थे। तभी एसडीएम सुरेंद्र कुमार व तहसीलदार प्रिंयक सिंह ने नायब तहसीलदार के नेर्तत्व मे भोगीमाजरा मे भूमि समस्या का समाधान कराने के लिये टीम भेजी ।
किसानो व तहसील प्रशासन के बीच घंटो चली बैठक के बाद समस्याओ के सामधान का आश्वासन मिलने के बाद किसानों ने धरना स्थगित कर दिया। इस मौके पर कंवरपालसिंह, बलेंद्र सिंह, बीरसिंह, सरदार गुरनामसिंह, बलदेव सिंह, सरदार हरजीत सिंह, सुशील, गुरमीत सिंह, मदनसिंह, इरशाद, आलिम, राजकुमार सोनू, श्यामसिंह, सतीश, धीरसिंह, मुस्ताक आदि उपस्थित रहे।
