नगर विधायक ने मुख्यमंत्री से की मुलाकात, की जीआईएस सर्वे निरस्त कराने की मांग
- सहारनपुर में लखनऊ में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात करते नगर विधायक।
सहारनपुर। नगर विधायक राजीव गुम्बर ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मिलकर जीआईएस सर्वे निरस्त किये जाने की मांग की। कल देर शाम लखनऊ में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मिलकर विधायक राजीव गुम्बर ने कहा कि नगर निगम सहारनपुर द्वारा जीआईएस सर्वे कराकर टैक्स लगाया जा रहा है जिसमें अनेक प्रकार की विसंगतियां है। टैक्स लगाए जमे की इस जटिल व त्रुटिपूर्ण प्रकिया से व्यापारी एवं जनता परेशान है तथा लगतार इस विषय में शिकायतें प्राप्त हो रही हैं।
विधायक राजीव गुम्बर ने कहा कि इस सर्वे के अन्तर्गत एक मंजिला मकान/दुकान पर कई मंजिल दर्शाकर कर निर्धारण करके टैक्स लगाया गया है। यदि किसी 100 वर्ग गज के एरिया में मकान एवं दुकान दोनों निर्मित है अर्थात् आंशिक रूप से भूमि के कुछ हिस्से में दुकान निर्मित है तथा बाकी हिस्से में मकान निर्मित है। ऐसी स्थिति में भी सर्वे के तहत उसे पूरी तरह से कर्मिशयल दर्शाकर टैक्स लगया गया है एवं एरिया के सर्किल रेट से अधिक सर्किल रेट दर्शाकर टैक्स लगाने का काम किया गया है जिससे कम सर्किल रेट वाले एरिया में भी टैक्स मूल्य काफी अधिक हो जा रहा है।
उन्होंने कहा कि छोटी-छोटी गलियों ध् मौहल्लों में परचून की दुकानों पर भी बड़े-बड़े कार्मिशयल काम्पलैक्स की तरह टैक्सॅॅ लगाया जा रहा है। सर्वे के अन्तर्गत यदि किसी का घर 800 स्क्वायर फिट है तो उसे ज्यादा स्क्वायर फिट दर्शाकर टैक्स लगाया गया है। सर्वे में कवर्ड एरिया को न मानते हुए पूरे एरिया पर टैक्स लगाया जा रहा है व बिना किसी आधार पर सुसंगत नियमों में प्रावधानित शुल्क से कई गुना अधिक शुल्क का आगणन बनाकर टैक्स लगाया गया है। टीनशेड एवं कच्चे निर्माण को भी व्यापारिक प्रतिष्ठान के अनुरूप टैक्स लगा दिया गया है। प्रथम एवं द्वितीय तल पर टीनशैड़ एवं कच्चे निर्माण को पक्का निर्माण दर्शाकर टैक्स लगाया गया है।
विधायक राजीव गुम्बर ने कहा कि महानगर के व्यापारियों एवं जनता में इस नई कर प्रणाली को लेकर अत्यधिक आक्रोश है अत: जनहित में इन सभी समस्याओं को देखते हुए जीआईएस को समाप्त कर नगर निगम सहारनपुर को पुन: पुरानी प्रणाली से सर्वे कराकर टैक्स लगाए जाने के आदेश दिए जाएं जिससे जनता को इस समस्या से निजात मिल सकें।
