‘न तानाशाही चलेगी, न दानाशाही’, अखिलेश यादव का BJP पर हमला, बोले- ‘PDA से घबराए विरोधी’
लखनऊ: समाजवादी पार्टी (सपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने शुक्रवार को लखनऊ में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर भारतीय जनता पार्टी (BJP) सरकार पर जमकर निशाना साधा। सपा में शामिल होने वाले नए नेताओं और कार्यकर्ताओं का स्वागत करते हुए अखिलेश ने कहा कि पुरातनपंथी, संकीर्ण सोच और सामंती मानसिकता वाले लोग अब PDA से घबरा रहे हैं।
अखिलेश यादव ने कहा कि जैसे-जैसे नए लोग PDA से जुड़ रहे हैं, विरोधियों की बेचैनी बढ़ती जा रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि PDA को रोकने के लिए तरह-तरह के हथकंडे अपनाए जा रहे हैं।
अखिलेश ने बताया PDA का नया मतलब
सपा प्रमुख ने PDA की नई व्याख्या करते हुए कहा कि अब इसमें Protest, Demonstration और Activist भी शामिल हो रहे हैं। उन्होंने विरोधियों पर तंज कसते हुए कहा कि PDA को लेकर उनके ‘पेट में दर्द’ हो रहा है।
अखिलेश ने कहा, “PDA प्रोग्रेसिव है, विजनरी है और लोगों को जोड़ने वाला है। चुनाव में PDA जितना गंभीर है, उतना कोई गंभीर नहीं है।”
उन्होंने दावा किया कि PDA लगातार मजबूत हो रहा है और समाज के अलग-अलग वर्गों के लोग इससे जुड़ रहे हैं।
‘BJP सरकार में स्वास्थ्य विभाग वेंटिलेटर पर’
अखिलेश यादव ने उत्तर प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर योगी सरकार पर भी हमला बोला। उन्होंने कहा, “बीजेपी की सरकार में स्वास्थ्य विभाग वेंटिलेटर पर है।”
सपा अध्यक्ष ने PDA ऑडिट का हवाला देते हुए स्वास्थ्य विभाग में कर्मचारियों की कमी और कथित लापरवाही का मुद्दा उठाया। उन्होंने दावा किया कि प्रदेश में 6 हजार से ज्यादा डॉक्टरों के पद खाली हैं, जबकि नर्सिंग और पैरामेडिकल स्टाफ के करीब 24 हजार पद रिक्त हैं।
अखिलेश ने दावा किया कि प्रदेश में करीब 16 हजार की आबादी पर एक डॉक्टर उपलब्ध है। उन्होंने गोरखपुर में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों की संख्या को लेकर भी सवाल उठाए और कहा कि पूरे उत्तर प्रदेश में स्वास्थ्य व्यवस्था की स्थिति चिंताजनक है।
फ्री बस सेवा पर भी सरकार को घेरा
रक्षाबंधन पर महिलाओं के लिए शुरू की गई मुफ्त बस सेवा को लेकर भी अखिलेश यादव ने योगी सरकार पर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने मुफ्त बस यात्रा की घोषणा तो की, लेकिन कई स्थानों पर पर्याप्त बसों और उचित व्यवस्थाओं का अभाव रहा।
सपा प्रमुख ने कहा कि सरकार को त्योहार के दौरान महिलाओं की सुविधा के लिए पहले से पर्याप्त इंतजाम करने चाहिए थे।
अंकित बालियान हत्याकांड पर उठाए सवाल
अखिलेश यादव ने शामली के अंकित बालियान हत्याकांड को लेकर भी सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि अंकित के माता-पिता, पत्नी और परिवार के अन्य सदस्य न्याय की मांग कर रहे हैं।
सपा प्रमुख ने दावा किया कि अंकित को 18 गोलियां मारी गईं। उन्होंने सवाल किया कि जब प्रदेश में कानून-व्यवस्था की जिम्मेदारी सरकार की है तो पीड़ित परिवार को न्याय कौन देगा।
अखिलेश ने कहा कि यह कोई अकेली घटना नहीं है। उन्होंने पीलीभीत, बहराइच और श्रावस्ती समेत कई जिलों में हुई घटनाओं का जिक्र करते हुए सरकार पर गंभीर आरोप लगाए।
‘न तानाशाही चलेगी, न दानाशाही’
अखिलेश यादव ने BJP सरकार की नीतियों पर हमला बोलते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश में “न तो तानाशाही चलेगी और न ही दानाशाही चलेगी।”
उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार की नीतियों और प्रशासनिक व्यवस्था के कारण आम लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। सपा प्रमुख ने दावा किया कि जनता आने वाले चुनाव में इन मुद्दों का जवाब देगी।
अखिलेश ने कहा कि समाजवादी पार्टी लगातार PDA को मजबूत करने और समाज के विभिन्न वर्गों को जोड़ने की दिशा में काम कर रही है।
