रक्षाबंधन से पहले योगी सरकार ने इन जवानों को दिया तोहफा, बढ़ाया भत्ता

रक्षाबंधन से पहले योगी सरकार ने इन जवानों को दिया तोहफा, बढ़ाया भत्ता

Lucknow : मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आज मंगलवार (18 अगस्त) को गोरखपुर के योगीराज बाबा गंभीरनाथ प्रेक्षागृह में प्रांतीय रक्षक दल के जवानों के सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे. इस दौरान उन्होंने जवानों और उनके परिवार को प्रतिवर्ष 5 लाख रुपये की मुख्यमंत्री कैशलेस इलाज की सुविधा और 600 रुपए प्रतिदिन भत्ता का ऐलान कर सौगात दी.

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि आज जो प्रगति प्रदेश के अंदर हुई है, यह प्रगति सामूहिक प्रयास का परिणाम है. पहले की सरकारों के एजेंडे में डेवलपमेंट नहीं था. उनका विकास केवल सैफई सिंडिकेट के विकास तक सीमित रह गया था. उनका स्वयं का विकास हो, बाकी प्रदेश भाड़ में जाए, इसीलिए दंगा, गुंडागर्दी और खजाने को लूटपाट करवाते थे.

जब समग्रता के साथ कोई सरकार सोचती है, तो सर्व समावेशी विकास की बात करती है. इसमें हमने गांव, गरीब, नौजवान और महिलाओं की बात की, तो हमने जवानों की बात भी की. गांव, गरीब, युवा, महिला, अन्नदाता किसान की खुशहाली के लिए कार्य करना है. सरकारी कर्मचारियों और जवानों और उनकी खुशहाली के लिए भी कार्य करना होगा. गरीब को शासन की योजनाओं का लाभ पहुंचाना है.

पहले रोज दंगे होते थे, कर्फ्यू लगते थे, बेटी-व्यापारी सुरक्षित नहीं थे

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि आज सबने मिलकर प्रयास किया तो परिवर्तन भी होता है. पहले यहां रोज दंगे होते थे. रोज दंगे, कर्फ्यू, न बेटी सुरक्षित थी. न व्यापारी सुरक्षित था. न आवागमन के साधन थे. अव्यवस्था चारों ओर थी. याद रखना, जो लोग आज आरोप-प्रत्यारोप कर रहे हैं. आरोप-प्रत्यारोप वही लोग करते हैं, जिनको जब मौका मिलता है, जब कर नहीं पाते और दूसरा जब कोई व्यक्ति परिणाम दे देता है, तो उन्हें सबसे ज्यादा बुरा लगता है कि वह कर नहीं पाए. ये कैसे कर लिए रहे हैं, वहीं उनकी परेशानी है, कि वह कर नहीं सकते थे, अक्षम और भ्रष्ट थे.

पहले की सरकारें माफिया के सामने घुटने टेकती थी

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि पहले की सरकारें माफिया के सामने घुटने टेकते थे. प्रदेश में हर प्रकार के माफिया को प्रश्रय दे करके उत्तर प्रदेश जैसे समृद्ध राज्य को बीमारू राज्य बना दिया था. क्या नहीं था उत्तर प्रदेश में. दुनिया की सबसे उर्वरा भूमि और ऊर्जावान युवा शक्ति. सबसे अच्छे प्रगतिशील किसान. पढ़ी-लिखी बेटी. अच्छे व्यापारी. तब भी उत्तर प्रदेश बीमारू राज्य हो गया था. जो प्रदेश को अपने कृत्यों से बीमार बनवा दे, वे यहां के नागरिकों की बीमारी का उपचार क्या कर पाते..? नौजवान के सामने पहचान का संकट. किसान आत्महत्या को मजबूर था. बेटी की सुरक्षा में कोई माफिया सेंध लगा देता था. हर दूसरे दिन दंगा होता था. बिजली नदारद, सड़कें गायब. यही तो थी प्रदेश की पहचान. अब तो सड़क भी अच्छी है और बिजली भी आती है.

दंगाई-माफिया रसातल की तरफ समाप्त हो गए

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि माफिया और दंगे गायब हैं. दंगाई और माफिया हमेशा के लिए रसातल की तरफ गायब यानी समाप्त हो गए हैं. आज उत्तर प्रदेश बीमारू राज्य नहीं है. उत्तर प्रदेश देश का ग्रोथ इंजन बनकर उभरा है. हमने 9 वर्ष में उत्तर प्रदेश की अर्थव्यवस्था को 3 गुना किया है. कुल 12 लाख करोड़ रुपए उत्तर प्रदेश के अर्थव्यवस्था के थे. आज वो 36 लाख करोड़ रुपए है. प्रति व्यक्ति आय 43 हजार रुपए थी, जो आज 1 लाख 20 हजार रुपए है. यहां का सालाना बजट 3 लाख करोड़ रुपए का था. आज 9 लाख 70 हजार करोड़ रुपए पहुंच गया है. ये हैं प्रगति के मानक.

ये लूटते और लुटवाते थे, प्रदेश का पैसा विदेशों में जमा कर आते थे, आज अवैध कमाई पर मिसाइल गिर रही है

मुख्यमंत्री ने पूर्व की सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि ये लूटते थे, लुटवाते थे. प्रदेश का पैसा विदेशों में जमा कर आते थे. अपने बाल-बच्चों कई पीढ़ियों के लिए इतना पैसा संचित करके रखा है. जिन लोगों ने दुबई में पैसा छुपाया था, आपने देखा होगा अभी अमेरिका-ईरान के युद्ध में वह ठीक मिसाइल वहीं गिर रही थी, तो सब चिल्ला रहे थे. यानी मौतें दुबई में हो रही थी. मिसाइल वहां गिर रही थी और चिल्लाहट इन नेताओं के घर में हो रही थी. क्योंकि जैसे उनका सब अवैध कमाई का पैसा जा रहा था. वह मिसाइल उनके अवैध कमाई पर भी गिर रही थी. ये ऐसे लूट करने वालों के साथ ऐसा ही होता है.

देश प्रथम के संकल्प के साथ आगे बढ़ना है

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि आज सबसे यही कहूंगा. 1948 से 1218 तक 75 वर्ष तक आपकी प्रगति 250 रुपए तक पहुंची थी. आज वो 600 रुपए पहुंच गई है. कैशलेस सुविधा अलग से है. अच्छे और सम्मानजनक ढंग से काम करने की जरूरत है. शासन के ऑर्डर पर प्रतिबद्धता के साथ काम करना है. हम सब भारतवासियों का एक ही ध्येय होना चाहिए देश प्रथम. देश की सुरक्षा में कोई सेंध न लगाने पाए. भारत की एकता और अखंडता को खंडित न करने पाए. भाषा और जाति एक आधार पर बांटने वालों से सावधान रहना होगा. सीनियर अधिकारी के निर्देश साथ कार्य होना चाहिए. लोगों को बांटने का कुत्सित प्रयास करने वालों से सतर्क रहने की आवश्यकता है.

मुख्यमंत्री ने प्रांतीय रक्षक दल को दी बधाई

इसके पूर्व मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि सभी 75 जनपदों से आए पीआरडी स्वयंसेवकों को बधाई देता हूं. उत्तर प्रदेश में कानून का राज स्थापित करने में सदैव समर्पित भाव के साथ विपरीत परिस्थितियों में खड़े रहने वाले प्रांतीय रक्षक दल का हृदय से अभिनंदन करते हैं. उन्होंने कहा कि लखनऊ की सरोजिनी नगर में हाईराइट्स बिल्डिंग के शिलान्यास की भी बधाई देता हूं. परिवर्तन ऐसे ही होता है. अच्छी सरकारें आती है, तो सबके अच्छे दिन भी आते हैं. पहले पुलिस के अधिकारियों-जवानों के लिए भी अच्छे बैरक की सुविधा नहीं हुआ करती थी.

आज प्रदेश के 56 जनपद ऐसे हैं, जिन जनपदों में उस जनपद की सबसे ऊंची बिल्डिंग किसी की होगी, तो पुलिस कार्मिकों के बैरक की होगी. होमगार्ड के स्वयंसेवकों के लिए भी अब अच्छी अवस्थापना सुविधाओं का विकास हुआ है. अब प्रांतीय रक्षक दल के लिए भी अब हाइराइट्स बैरक के निर्माण का कार्य लखनऊ में सम्पन्न हुआ है. यह चीज दिखती है कि परिवर्तन सिर्फ एक तबके के लिए नहीं है, परिवर्तन हर एक तबके के लिए परिवर्तन और व्यापक सुधार दिखाई दे रहा है. आप सभी को इसके लिए बधाई देता हूं.

मुख्यमंत्री कैशलेस योजना के तहत प्रतिवर्ष 5 लाख रुपए तक निःशुल्क इलाज की सुविधा

मुख्यमंत्री ने कहा कि आज आप सभी के लिए विशेष प्रयोजन से आए हैं. कैशलेस इलाज की सुविधा प्रदान करने के लिए कार्यक्रम का आयोजन किया गया है. मुख्यमंत्री कैशलेस की सुविधा. आज 31 हजार से अधिक प्रांतीय रक्षक दल के स्वयंसेवक और उनके परिवार को किसी भी गवर्नमेंट इनपैनल्ड हॉस्पिटल में 5 लाख रुपए तक के कैशलेस (नि:शुल्क) इलाज (स्वास्थ्य) की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है. यह सुविधा हर वर्ष मिलेगी. आपने जिस अनुशासन, समर्पण और सेवाभाव के साथ अपने कार्यों को प्रदेश के अंदर दे करके प्रदेश की प्रगति और आयोजन में सफलतापूर्वक सम्पन्न करने में अहम भूमिका निभाई है. बाढ़, आपदा, सूखा, महाकुंभ, दीपोत्सव, देव दीपावली, रंग उत्सव, बरसाना के कार्यक्रम, ट्रैफिक-राजस्व, चुनाव की ड्यूटी के साथ सामान्य प्रयोजन में तत्परता के साथ डंटे रहे, उन सेवाओं के प्रति उसके लिए धन्यवाद देता हूं.

प्रतिदिन भत्ता 500 रुपए से बढ़ाकर 600 रुपए किया

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि पीआरडी जवानों व स्वयंसेवकों का मानदेय मात्र 250 रुपए मिलता था. 2019 में बढ़ाकर 375 उन्होंने हीं किया था. साल 2022 में बढ़ाकर 395 रुपए किया गया. 2025 में 500 रुपए उन्होंने किया था. आज इसे 600 रुपए करने जा रहे हैं. आप कार्य करेंगे, तो इसके परिणाम भी आएंगे. पहले आपको ड्यूटी नहीं मिलती थी. आज पीआरडी के जवान कम पड़ जाते हैं. लोग प्रस्ताव देते थे और कहते थे, इनका कोई काम नहीं है.

आज ट्रैफिक, एयरपोर्ट, पैमाइश, औद्योगिक संस्थाओं की सुरक्षा, मेट्रो की सुरक्षा, किसी भी कार्यालय की सुरक्षा का दायित्व या अन्य व्यवस्था में योगदान देने के लिए पूरी ईमानदारी और प्रतिबद्धता से कार्य करेगा. उसकी ट्रेनिंग हो. कोई पेट से सीखकर नहीं आता है. ट्रेनिंग देनी पड़ेगी. वो सीखेगा तो अच्छा कार्य करेगा. पड़ता है. आज जो प्रगति हुई है वो सामूहिक प्रयास से हुई है. इसके पूर्व मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लखनऊ के सरोजिनी नगर में 23 करोड़ रुपए की लागत से बनने वाले बहुमंजिला पीआरडी बैरक का शिलान्यास किया.

मुख्यमंत्री के हाथों इन्हें कैशलेस इलाज की सुविधा का प्रमाणपत्र मिला

1- स्नेहलता रावत, लखनऊ
2- किशन गुप्ता, वाराणसी
3- जय सिंह, मऊ
4- अजय, गोरखपुर
5- चंदा भारती, कुशीनगर
6- मोहम्मद शाकिर अंसारी, चंदौली
7- भीमसेन, गोरखपुर
8- धीरेंद्र, गोरखपुर
9- उमेश कुमार, गोरखपुर
10- अनामिका वर्मा, लखनऊ

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